हिमाचल में कानून व्यवस्था पर डीजीपी एसआर मरडी ने ये कहा
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डीजीपी एसआर मरडी ने ऊना में प्रेस वार्ता में कानून व्यवस्था को लेकर कई बातें कही। भले ही हिमाचल में गैंगरेप, गोलीकांड और हत्या जैसे मामलों में बढ़ोतरी हो रही है, लेकिन प्रदेश के डीजीपी का कहना है कि ऐसा नहीं है, कुछ लोग भ्रामक प्रचार कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष के मुकाबले में इस बार की तिमाही में मात्र दो मामले ही बढ़े हैं। उन्होंने कहा कि हिमाचल में कानून व्यवस्था चुस्त-दुरुस्त है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार ने हाल ही में ड्रग, अवैध खनन एवं वन माफिया के विरुद्ध जो अभियान चलाया है, उसके तहत पंजीकृत मामलों में वृद्धि हुई है।
ऊना में प्रेस वार्ता के दौरान डीजीपी एसआर मरडी ने कहा कि प्रदेश में अवैध निर्माण गिराने संबंधी किसी भी तरह की कार्रवाई से पहले लाइसेंसी हथियार थानों में जब्त किए जाएंगे। कसौली गोलीकांड एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना है। ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए पुलिस को आवश्यक निर्देश दिए हैं।
इस वर्ष पहली तिमाही में हत्या के मामलों में 2 की बढ़ोतरी हुई
उन्होंने कहा कि कुछ लोग भ्रम फैला रहे हैं कि प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति बहुत खराब है और पिछले साल की अपेक्षा अपराध बढ़ गए हैं। इस विषय में यह जानना आवश्यक है कि पूरे देश में हर साल अपराधों की संख्या में वृद्ध हो रही है।
जहां तक प्रदेश की बात है तो हिमाचल में पिछले वर्ष के मुकाबले इस वर्ष पहली तिमाही में हत्या के मामलों में 2 की बढ़ोतरी हुई है। 2015 और 2016 की पहली तिमाही के मुकाबले यह संख्या कम है। अन्य अपराधों में भी कमी आई है। कहा कि अवैध खनन रोकने को सभी एसपी को विशेष निर्देश दिए हैं।