Mukesh Agnihotri: केंद्र रोक रहा हिमाचल के हक, कुछ भाजपा नेता दे रहे साथ, षड्यंत्र रचा जा रहा
ऊना में पत्रकारवार्ता में मुकेश ने कहा कि अटल सरकार के समय ओपीएस बंद की गई। यह फैसला लागू करने के लिए केंद्र ने राज्य सरकार पर दबाव बनाया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि केंद्र सरकार हिमाचल के हक रोकने का काम कर रही है। इसमें कुछ भाजपा नेता साथ दे रहे हैं। कांग्रेस सरकार को वित्तीय तौर पर परेशान करने के लिए षड्यंत्र रचा जा रहा है। हिमाचल के हकों के लिए लड़ाई लड़ी जाएगी। इसके लिए जनता को साथ लेकर दिल्ली तक पहुंच सकते हैं। ऊना में पत्रकारवार्ता में मुकेश ने कहा कि अटल सरकार के समय ओपीएस बंद की गई। यह फैसला लागू करने के लिए केंद्र ने राज्य सरकार पर दबाव बनाया। अब 20 साल बाद ओपीएस बहाल हुई है तो केंद्र सरकार और भाजपा इसमें रुकावट पैदा करने का प्रयास कर रही है।
एनपीएस के तहत जमा 10 हजार करोड़ नहीं दिए जा रहे हैं। यह पैसा केंद्र सरकार ने अपने दोस्तों की मदद के लिए लगाया है। हिमाचल के हकों पर लगातार केंद्र सरकार कटौती कर रही है। कर्ज लेने की सीमा में कटौती कर दी गई। विदेशी प्रोजेक्ट फंड पर भी कैंची चलाई है। उन्होंने कहा कि सरकार अपने आय के संसाधन बढ़ाने का प्रयास कर रही है। सरकार की ओर से लगाए गए वाटर सेस को लेकर भी केंद्र सरकार लगातार कंपनियों को गुमराह करने में जुटी है। ऊर्जा विभाग की ओर से दो पत्र लिखे गए हैं। यह सब हिमाचल देख रहा है।
उन्होंने कहा कि देश के 20 राज्यों में भाजपा की सरकार नहीं है। अन्य राज्यों में भी कांग्रेस सत्ता की तरफ बढ़ रही है। देश में लगातार माहौल बदल रहा है। सरकार का फोकस विकास पर है। वादे और गारंटियों को लेकर कुछ लोग बातें कर रहे हैं, लेकिन कांग्रेस इन्हें पूरा करना अपना राजधर्म मानती है।