उपनिदेशक पर गिरी गाज, सरकार ने किया तबादला
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प्रारंभिक शिक्षा विभाग में बिना अनुमति की गई लाखों रुपये की खरीद के मामले की जांच तेज हो गई है। निदेशालय ने खरीद से संबंधित सारा रिकॉर्ड कब्जे में ले लिया है। इसी कड़ी में शिमला के उपनिदेशक का तबादला निदेशालय में कर दिया है। बिलासपुर के उपनिदेशक को शिमला में लगाया गया है।
विभाग के एक उपनिदेशक पर परचेज कमेटी की अनुमति के बिना सामान खरीदने का आरोप है। मामला बीते साल का है। आरोप है कि प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक ने ग्रीन बोर्ड, कुर्सियों और डिजास्टर किट की खरीद की थी। संबंधित अधिकारी ने नियमों को ताक पर रखकर अपने स्तर पर ही सामान खरीद लिया। परचेज कमेटी से इस खरीद को लेकर चर्चा नहीं की गई।
मुख्यमंत्री तक पहुंचा मामला
मामला सामने आने के बाद निदेशालय ने मामले की जांच के आदेश दिए। यह मामला मुख्यमंत्री तक भी पहुंच चुका है। मुख्यमंत्री ने इस तरह के मामलों को गंभीरता से लेते हुए अधिकारियों को सख्ती बरतने के आदेश दिए थे। इसी कड़ी में उपनिदेशकों के तबादले हुए हैं। उधर, प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय के अधिकारियों ने खरीद से संबंधित सारा रिकॉर्ड कब्जे में लेकर जांच को तेज कर दिया है।
प्रदेश के अन्य क्षेत्रों में हुई खरीद फरोख्त का ब्योरा भी जुटाया जा रहा है। शिक्षा विभाग में हुए इस घोटाले ने कई अधिकारियों की कार्यप्रणाली को संदेह के घेरे में ला दिया है। उपनिदेशक का तबादला कर विभाग जांच के प्रति अपनी गंभीरता दिखा रहा है। आने वाले दिनों में जांच में कई और खुलासे होने की संभावना है।