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रात के अंधेरे में जलती मशालों पर होगा नृत्य
ब्यूरो/अमर उजाला, कुल्लू
Updated Mon, 19 Jan 2015 01:57 PM IST
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मकर संक्रांति के त्योहार के बाद ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों ने सदयाला उत्सव की तैयारियां आरंभ कर दी हैं। लोगों में उत्सव को मनाने में भारी उत्साह है। मणिकर्ण घाटी में इस उत्सव की शुरुआत मंगलवार से शुरू होगी। इसके बाद इस उत्सव का आयोजन क्षेत्र के विभिन्न गांवों में किया जाएगा।
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जिला की मणिकर्ण घाटी, पीज, खोखन, बंजार आदि क्षेत्रों में सदयाला पर्व आयोजित किया जाएगा। इस अवसर लकड़ी की मशालें निकाली जाएंगी। वहीं अश्लील जुमलों से प्रेत आत्माओं को भी दूर भगाया जाएगा। वहीं, मणिकर्ण घाटी के कजियारी गांव में देवता नारायण के सम्मान में विशाल मशाल निकाली जाएगी। जलती हुई मशाल की आग से दूसरी मशालों को जलाया जाएगा।
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सबसे पहले जलने वाली मशाल वाले व्यक्ति को देवता की ओर विशेष आशीर्वाद मिलेगा। वहीं मशालों के साथ रात के अंधेरे में पारंपरिक वाद्य यंत्रों की धुन पर नृत्य भी किया जाएगा। प्रीणी क्षेत्र की अधिष्ठात्री देवी भागासिद्ध के पुजारी मोहर सिंह ठाकुर ने कहा कि सदयाला उत्सव की तैयारियां आरंभ हो गई हैं। लोगों में उत्सव को लेकर खासा उत्साह है।
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