सजा के बाद जेल ले जाते चोर फरार, दो पुलिस कर्मी सस्पेंड
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गाड़ियां चोरी करने के आरोप में दो साल की सजा मिलने के चंद घंटे बाद ही दोषी स्मार्ट पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। मूलत: जुब्बल के रहने वाले दोषी अजय कुमार को शुक्रवार को जुब्बल अदालत में सजा सुनाई गई थी। जिला पुलिस ने इस मामले में दोषी को शिमला ला रहे दोनों कांस्टेबलों को सस्पेंड कर दिया है।
पुलिस के अनुसार गाड़ी अजय कुमार को जुब्बल थाना पुलिस ने करीब डेढ़ महीने पहले पकड़ा था। इसने करीब 15 लाख रुपये की गाड़ी चोरी की थी। इसके खिलाफ चालान पेश करने के बाद शुक्रवार को जुब्बल कोर्ट में सुनवाई थी। वाहन चोरी में इसके भाई का हाथ भी था।
ऐसे में इसके भाई के साथ ही इसे पेशी के लिए कैथू से जुब्बल ले जाया गया। पुलिस के अनुसार अजय ने चोरी की कई वारदातें कबूल ली थीं। कोर्ट ने आरोपियों को अलग-अलग मामलों में दो साल सजा की सुनाई। इसके बाद पुलिस के जवान बस में सवार होकर इन्हें वापस शिमला ला रहे थे।
छैला के पास चकमा देकर भागा आरोपी
छैला के पास आरोपी बस से शौच जाने के बहाने उतरा। दोनों जवान भी इसके साथ थे कि अचानक यह चकमा देकर फरार हो गया। दोनों जवानों ने स्थानीय पुलिस को इसकी सूचना दी। देर रात तक आरोपी की तलाश जारी रही, लेकिन इसका कहीं कोई पता नहीं चला। शनिवार को विभाग ने ड्यूटी में लापरवाही बरतने पर दोनों जवानों को सस्पेंड कर दिया।
पुलिस ने अजय को पकड़ने के लिए नाकाबंदी कर दी है। शनिवार को टीमें बनाकर पुलिस के जवान छैला के साथ लगते इलाकों में दबिश देते रहे लेकिन देर शाम तक इसका पता नहीं चल पाया है। कार्यकारी पुलिस अधीक्षक मनमोहन सिंह ने कहा कि नाकाबंदी की जा रही है। आरोपी को जल्द पकड़ लिया जाएगा।
मौज मस्ती के लिए चुराते थे गाड़ियां
पुलिस के अनुसार अजय मौज मस्ती के लिए गाड़ियां चुराता था। इसके खिलाफ विभिन्न थानों में करीब एक दर्जन वाहन चोरी के मुकदमे दर्ज हैं। चोरी में इसका भाई भी साथ दे रहा था। पुलिस के अनुसार आरोपी गाड़ी चुराने के बाद इन्हें बेचता नहीं था बल्कि छोड़ देता था। हाल ही में रोहड़ू और मांदल से इसने गाड़ियां चुराई थीं। चोरी के बाद यह गायब रहता था लेकिन बाद में वापस अपने घर लौट आता था।