कोरोना वायरस: पंचायतों को आदेश के बावजूद नहीं मिले मास्क और सैनिटाइजर
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हिमाचल में 3226 पंचायतों को अपने-अपने क्षेत्र में ग्रामीणों को मास्क और सैनिटाइजर देने के आदेश तो जारी किए हैं, लेकिन अभी तक यह कागजों में ही हैं। सरकार ने हर पंचायत को कोरोना वायरस से बचाव के लिए 14वें वित्तायोग के तहत सैनिटाइजर और मास्क की खरीद के आदेश जारी किए गए हैं, मगर यह बाजार में उपलब्ध नहीं हैं। दूसरी बात यह है कि अगर कहीं उपलब्ध हैं भी तो कर्फ्यू के बीच पंचायत प्रतिनिधि इन्हें लाने में असहाय महसूस कर रहे हैं। सड़कों पर आवाजाही बंद है, कर्फ्यू पास न होने पर पुलिस लोगों को सड़कों पर फटकने तक नहीं दे रही।
सरकार की ओर से आदेश जारी किए जाने के बाद लोगों का पंचायतों प्रतिनिधियों पर दबाव बढ़ गया है कि वे सैनिटाइजर और मास्क का प्रबंध करें। इस मामले में पंचायत प्रधान और सचिव कुछ नहीं कर पा रहे हैं। खंड विकास अधिकारियों की ओर से भी पंचायतों को स्पष्ट आदेश नहीं हैं कि वे 14वें वित्तायोग के पैसे कैसे खर्च करें। सैनिटाइजर और मास्क कैसे और किस कंपनी के लिए जाएं।
इस बारे में पंचायती राज विभाग के संयुक्त निदेशक केवल शर्मा ने बताया कि पंचायतों को सैनिटाइजर और मास्क की खरीद करने के आदेश हैं। कुल्लू और कई अन्य जिलों में यह खरीद शुरू कर दी है। इस बारे में खंड विकास अधिकारियों को आदेश जारी किए हैं। कर्फ्यू की वजह से सप्लाई खत्म हो गई है। इसे सुनिश्चित करेंगे कि यह कैसे संभव होगी।