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Shimla News: चिट्टा तस्करी में दोषी को दो वर्ष का कठोर कारावास
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दोषी से बरामद हुआ था 24 ग्राम चिट्टा, 25 रुपये जुर्माना भी लगाया
वर्ष 2022 में बालूगंज थाना क्षेत्र में पकड़ी थी नशे की सामग्री
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। चिट्टा तस्करी के मामले में अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए दो साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 25,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
जुर्माना अदा नहीं करने पर उसे दोषी को एक माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। यह मामला पुलिस थाना बालूगंज से संबंधित है। पुलिस के अनुसार सात जनवरी 2022 को दर्ज इस मामले में रोहड़ू निवासी मनोज कुमार के कब्जे से 24 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) बरामद किया गया था। इस संबंध में आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम की धारा 21 और 29 के तहत प्राथमिकी दर्ज की थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद तथ्य जुटाए और जांच पूरी करने के बाद आरोपपत्र अदालत के समक्ष पेश किया।
मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश शिमला की अदालत में हुई। शिमला पुलिस के अनुसार मामले में प्रभावी जांच कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए गए। इसके बाद न्यायालय में अभियोजन पक्ष की ओर से मामले की प्रभावी पैरवी की गई। इसके परिणामस्वरूप आरोपी को दोषसिद्ध कर सजा सुनाई गई। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नशे के अवैध कारोबार में संलिप्त लोगों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।
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वर्ष 2022 में बालूगंज थाना क्षेत्र में पकड़ी थी नशे की सामग्री
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। चिट्टा तस्करी के मामले में अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए दो साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 25,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
जुर्माना अदा नहीं करने पर उसे दोषी को एक माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। यह मामला पुलिस थाना बालूगंज से संबंधित है। पुलिस के अनुसार सात जनवरी 2022 को दर्ज इस मामले में रोहड़ू निवासी मनोज कुमार के कब्जे से 24 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) बरामद किया गया था। इस संबंध में आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम की धारा 21 और 29 के तहत प्राथमिकी दर्ज की थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद तथ्य जुटाए और जांच पूरी करने के बाद आरोपपत्र अदालत के समक्ष पेश किया।
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मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश शिमला की अदालत में हुई। शिमला पुलिस के अनुसार मामले में प्रभावी जांच कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए गए। इसके बाद न्यायालय में अभियोजन पक्ष की ओर से मामले की प्रभावी पैरवी की गई। इसके परिणामस्वरूप आरोपी को दोषसिद्ध कर सजा सुनाई गई। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नशे के अवैध कारोबार में संलिप्त लोगों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।
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