केंद्र से मिली मंजूरी, यहां खोला जाएगा केंद्रीय विवि
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मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने विधानसभा क्षेत्र फतेहपुर के राजा का तालाब में जनसभा में कहा कि केंद्रीय विश्वविद्यालय (सीयू) का समेकित परिसर चामुंडा मंदिर के समीप जदरांगल में स्थापित किया जाएगा। इसके लिए भूमि का चयन कर मानव संसाधन मंत्रालय ने स्वीकृति दे दी है। विश्वविद्यालय से संबद्ध संकाय जिले के अन्य स्थानों पर भी स्थापित किए जा सकते हैं। सीएम ने कहा कि युवाओं को व्यावसायिक शिक्षा प्रदान करने के उद्देश्य से 21 औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान खोले गए हैं।
मंडी के कमांद में आईआईआईटी खोलने के अतिरिक्त सिरमौर जिले के धौलाकुआं में भारतीय प्रबंधन संस्थान (आईआईएम) संस्थान खोला जा रहा है। वीरभद्र सिंह ने कहा कि 100 करोड़ रुपये की सिद्धाथा मध्यम सिंचाई, 204 करोड़ रुपये की फिन्ना सिंह सिंचाई परियोजना और 387 करोड़ रुपये की शाहनहर परियोजना का निर्माण कार्य अंतिम चरण में है।
इनसे कूहलों और नहरों का निर्माण कर खेतों तक पानी पहुंचाया जाएगा। पिछले तीन वर्षों के दौरान प्रदेश में 773 करोड़ रुपये खर्च कर 6950 बस्तियों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध करवाया गया है। मुख्यमंत्री ने पंचायत प्रतिनिधियों से गरीब व पात्र परिवारों के नाम बीपीएल सूची में शामिल करने का आग्रह किया।
कहा- हर गांव तक थ्री फेस विद्युत लाइन उपलब्ध करवाने के प्रयास जारी
वीरभद्र सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार दूरवर्ती क्षेत्रों में विद्युत सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए प्रतिबद्ध है और हर गांव तक थ्री फेस विद्युत लाइन उपलब्ध करवाने के प्रयास किए जा रहे हैं। प्रदेश में 94 डिग्री कॉलेज हैं और वर्तमान सरकार के कार्यकाल के दौरान गत तीन वर्षों में 994 पाठशालाएं और 25 डिग्री महाविद्यालय खोले गए हैं। इससे राज्य में सरकारी क्षेत्र में पाठशालाओं की संख्या बढ़कर 15,534 हो गई हैं।
सीएम ने कहा कि प्रदेश के लोग पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय इंदिरा गांधी तथा राज्य के प्रथम मुख्यमंत्री स्वर्गीय डॉ. वाईएस परमार के ऋणी हैं। इनके प्रयासों से से हिमाचल को पूर्ण राज्यत्व का दर्जा मिला और यह प्रदेश भारतीय संघ का 18वां राज्य बना। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू के कार्यकाल में हिमाचल प्रदेश को विशेष वित्तीय सहायता मिलनी शुरू हुई थी।
कैबिनेट में फेरबदल का कोई विचार नहीं: वीरभद्र
हिमाचल सरकार का कैबिनेट में फेरबदल का फिलहाल कोई इरादा नहीं है। यह बात मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने अपने शीतकालीन प्रवास में अमर उजाला से विशेष बातचीत के दौरान कही। मुख्यमंत्री ने चुटकी लेते हुए कहा कि जो लोग कैबिनेट में फेरबदल की अटकलें लगा रहे हैं वो चाहे तो कैबिनेट फेरबदल पर सट्टा भी लगा सकते हैं।
बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू द्वारा ब्रिटेन के तत्कालीन पीएम लार्ड एटली को सुभाष चंद्र बोस को लेकर लिखे गए पत्र की बात बिलकुल झूठी है। नेहरू द्वारा सुभाष चंद्र बोस को ब्रिटेन का युद्ध अपराधी कहना मनगढंत है। वीरभद्र सिंह ने कहा कि नेहरू और बोस दोनों वरिष्ठ कांग्रेस नेता थे।
बोस तो 1938-39 में कांग्रेस के अध्यक्ष रह चुके हैं। बोस के बारे में ऐसा पत्र नेहरू तो क्या, कोई भी कांग्रेस नेता नहीं लिख सकता है। चूंकि मैंने अपनी राजनीतिक पारी की शुरुआत नेहरू जी के कहने पर ही की थी इसलिए मैं उन्हें अपना राजनीतिक गुरु भी मानता हूं। ऐसे में मैं नेहरू जी को अच्छी तरह जनता था। बजट को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल के लोगों को वे तोहफा जरूर देंगे। बजट के दौरान ही इसकी घोषणा की जाएगी।