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अब छात्रवृत्ति के फर्जीवाडे़ को रोकेगी मोबाइल एप
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Updated Wed, 26 Sep 2018 10:30 AM IST
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केंद्र और राज्य सरकारों की विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाओं में होने वाले फर्जीवाडे़ रोकने के लिए केंद्र सरकार ने मोबाइल फोन एप शुरू की है। राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल मोबाइल एप से विद्यार्थी एक क्लिक से अपना पंजीकरण करवा सकेंगे। इस एप्लीकेशन के जरिये सभी छात्रवृत्ति योजनाओं की जानकारी घर बैठे मिल सकेगी।
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इस मोबाइल फोन एप्लीकेशन की मदद से विद्यार्थी अपने घर में बैठकर भी छात्रवृत्ति के लिए आवेदन करने में सक्षम होंगे। छात्र इस मोबाइल एप पर आवश्यक दस्तावेज अपलोड कर सकेंगे। छात्र अपने आवेदन, छात्रवृत्ति वितरण की स्थिति की जांच भी कर सकेंगे। इस मोबाइल एप्लीकेशन को एप मोबाइल प्ले स्टोर में जाकर डाउनलोड किया जा सकता है।
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यह एप एनपीएस पोर्टल के मुख्य पृष्ठ पर तथा अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय की वेबसाइट पर भी उपलब्ध है। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. अमरजीत कुमार शर्मा ने बताया कि प्रदेश के दूरदराज क्षेत्रों के छात्र इस एप से सबसे अधिक लाभान्वित होंगे। इस एप का लोकार्पण होने से बिचौलियों का काम खत्म हो जाएगा। प्रत्येक छात्रवृत्ति योजना का लाभ बिना किसी बाधा के जरूरतमंदों के पास सीधे पहुंच जाएगा।
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हिमाचल में सामने आया है 150 करोड़ का घोटाला
सूबे में 150 करोड़ से अधिक राशि का छात्रवृत्ति घोटाला सामने आया है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने शिक्षा विभाग की प्रारंभिक जांच के आधार पर मामले की जांच सीबीआई से करवाने के लिए केंद्र सरकार को पत्र भेजा है। प्रदेश में स्थित निजी शिक्षण संस्थानों पर फर्जी ऐडमिशन दिखाकर छात्रवृत्ति राशि हड़पने का आरोप है।
मिलीभगत से निजी संस्थानों को दिया ज्यादा बजट
छात्रवृत्ति घोटाले में शिक्षा विभाग के कई अधिकारियों के भी शामिल होने की संभावना है। शिक्षा विभाग की जांच रिपोर्ट के मुताबिक केंद्र और राज्य सरकारों से मिले छात्रवृत्ति बजट का 80 फीसदी हिस्सा सिर्फ निजी शिक्षण संस्थानों को दिया गया है जबकि सरकारी संस्थानों को सिर्फ 20 फीसदी बजट दिया गया।