{"_id":"58498e694f1c1be35944a1c0","slug":"cbi-statement-in-delhi-high-court-over-cm-virbhadra-singh-disproportionate-assets-case","type":"story","status":"publish","title_hn":"सीबीआई ने कहा, वीरभद्र संपत्ति की जांच का है पूरा अधिकार ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सीबीआई ने कहा, वीरभद्र संपत्ति की जांच का है पूरा अधिकार
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Fri, 09 Dec 2016 12:01 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हिमाचल के मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह और उनकी पत्नी प्रतिभा सिंह के खिलाफ दायर आय से अधिक संपत्ति मामले की जांच सीबीआई को करने का पूरा अधिकार है। सीबीआई की ओर से पेश अधिवक्ता ने हाईकोर्ट को बताया कि जांच एजेंसी तय नियमों का पालन कर ही जांच कर रही है।
विज्ञापन
न्यायमूर्ति विपिन सांघी के समक्ष पेश सीबीआई अधिवक्ता ने कहा कि आरंभिक जांच के बाद ठोस साक्ष्य मिलने के बाद ही सीबीआई ने नियमित प्राथमिकी दर्ज की है। उन्होंने कहा कि सीबीआई के आवेदन पर ही सर्वोच्च न्यायालय ने सुनवाई हिमाचल हाईकोर्ट से दिल्ली कोर्ट में स्थानांतरित की है। यदि सीबीआई को जांच का अधिकार न होता तो सर्वोच्च न्यायालय इस मामले में हस्तक्षेप ही नहीं करता।
विज्ञापन
उन्होंने विभिन्न फैसलों का हवाला देते हुए कहा सीबीआई को इस मामले में आरोपपत्र दायर करने की इजाजत दी जाए और वीरभद्र सिंह व अन्य की याचिका खारिज की जाए। इसी के साथ उन्होंने अपनी जिरह पूरी कर ली। अदालत ने अब वीरभद्र सिंह व राज्य सरकार के अधिवक्ता को उनके जवाब पर अपना रखने का निर्देश देते हुए सुनवाई 15 दिसंबर को तय की है।
विज्ञापन
बता दें कि राज्य सरकार के अधिवक्ता ने हाल ही में तर्क रखा था कि राज्य सरकार की मंजूरी लिए बिना सीबीआई संबधित राज्य में हुए अपराध पर जांच नहीं कर सकती। वीरभद्र सिंह आय से अधिक संपत्ति मामले में सुनवाई के दौरान उन्होंने कहा कि मामला मुख्यमंत्री का नहीं बल्कि तय नियमों व कानून का है। सीबीआई अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर जाकर काम कर रही है। वहीं, सीबीआई ने जांच प्रक्रिया को उचित ठहराया है।