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खनन पट्टा क्षेत्रों में कैमरों से रहेगी निगरानी : बिक्रम सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Updated Sun, 07 Oct 2018 10:52 AM IST
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उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ने कहा कि खनन पट्टा क्षेत्रों में खान मालिकों को अपने स्तर पर कैमरे लगाने अनिवार्य होंगे। इनकी मदद से खनन भूमि पर पैनी नजर रखी जाएगी, ताकि खनन करने वालों को मनमानी करने से रोका जा सके।
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कैमरों को लगाने का खर्च स्वयं पट्टा मालिकों को वहन करना होगा। अगर खनन स्थल पर कैमरे खराब पाए गए तो सरकार पट्टा मालिकों के पट्टे तत्काल रद्द कर देगी।
शनिवार को पत्रकारों से बातचीत में उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ने कहा कि सरकार ने खनन के लिए भूमि पट्टे पर देने के लिए पूरी तरह से पारदर्शिता अपनाई है। इसके तहत प्रदेश के जिन भी इलाकों में भूमि खनन के लिए लीज पर दी गई है। इससे पहले खुली नीलामी की है। नीलामी में भी पारदर्शिता बरती गई है।
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सरकार चाहती है कि खनन गतिविधियों से आम लोगों की जरूरतें भी पूरी हों और साथ ही सरकार का खजाना भी भरे। मंत्री ने कहा कि सरकार खनन गतिविधियों पर पैनी नजर रखने का मन बना चुकी है। उनका कहना है कि खनन स्थलों पर कैमरे लगाने के निर्देश खान मालिकों को दिए जा रहे हैं।
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शीघ्र इस दिशा में निर्देश भी दिए जा रहे हैं। खनन स्थलों पर लगे कैमरे खराब पाए गए तो खनन पट्टे सरकार रद्द करेगी। खनन क्षेत्र में तारबंदी करने के साथ पोल लगाने भी अनिवार्य किए जा रहे हैं। इसके अलावा खनन भूमि के चारों ओर झंडे भी लगाए जाने जरूरी होंगे।