{"_id":"61adbad9d97a9d68a2432f12","slug":"aiims-bilaspur-himachal-news-bjp-rashtriya-adhyaksh-jp-nadda-message-to-congress","type":"story","status":"publish","title_hn":"एम्स बिलासपुर: उपचुनाव में हार के बाद पहली बार आए हिमाचल, तारीफ के साथ सियासी संदेश भी दे गए नड्डा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एम्स बिलासपुर: उपचुनाव में हार के बाद पहली बार आए हिमाचल, तारीफ के साथ सियासी संदेश भी दे गए नड्डा
Mon, 06 Dec 2021 01:04 PM IST
अरविन्द ठाकुर
धर्मेंद्र पंडित, अमर उजाला ब्यूरो, बिलासपुर
धर्मेंद्र पंडित, अमर उजाला ब्यूरो, बिलासपुर
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Mon, 06 Dec 2021 01:04 PM IST
सार
नड्डा ने पूर्व मुख्यमंत्री प्रेमकुमार धूमल का भी अटल टनल और अन्य उपलब्धियों की नींव रखने के लिए नाम लेकर सियासी संतुलन साधा। जयराम को प्रदेश का लोकप्रिय मुख्यमंत्री बताया। वैक्सीनेशन की डबल डोज में अव्वल आने पर तारीफ की।
विज्ञापन
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा।
- फोटो : संवाद
विस्तार
एम्स के मंच से अच्छे की पीठ न ठोके और गलत को घर न बैठाए, वह जागरूक समाज नहीं, कहकर नड्डा ने न केवल विपक्षी कांग्रेस को कड़ा संदेश दिया, बल्कि भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं को भी चुनावी साल से पहले कमर कसने को कह दिया है। उपचुनाव में चारों सीटें गंवाने के बाद नड्डा पहली बार हिमाचल आए। सत्ता में होने और डबल इंजन की बात के बूते प्रचार करने वाली भाजपा को यहां जोरदार झटका लगा है। नि:संदेह इससे वे कन्नी नहीं काट सकते हैं। ऐसे में नड्डा का पहली बार सामना होने से भाजपा नेताओं की धड़कनों का बढ़ना भी स्वाभाविक रहा है। नड्डा प्रदेश में अपने सपनों का प्रोजेक्ट एम्स धरातल पर उतारने हिमाचल आए थे।
विज्ञापन
पूर्व केंद्रीय सरकार में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री रहते उन्होंने इस संकल्प को जमीन पर उतारना शुरू किया था। यह आज मूर्त रूप में है। नड्डा ने इसका पूरा श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को दिया। विपक्ष से भी सवाल किया कि प्रदेश में ऐसा इससे पहले क्यों नहीं हो पाया। कहा कि इस छोटे से प्रदेश को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री के बाद अनुराग ठाकुर के रूप में केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री मिलता है तो यह मोदी के राज में ही संभव हुआ है। नड्डा ने पूर्व मुख्यमंत्री प्रेमकुमार धूमल का भी अटल टनल और अन्य उपलब्धियों की नींव रखने के लिए नाम लेकर सियासी संतुलन साधा।
विज्ञापन
जयराम को प्रदेश का लोकप्रिय मुख्यमंत्री बताया। वैक्सीनेशन की डबल डोज में अव्वल आने पर तारीफ की। जून तक एम्स का काम पूरा करने और पीएम मोदी के हिमाचल आने की बात कहकर अगले चुनावी साल में हिमाचल की इस बड़ी उपलब्धि का सियासी लाभ लेने की अपनी रणनीति भी जाहिर की। उपलब्धियों के बूते जनमत जुटाने और आराम करने वालों को घर बैठाने की बात कहकर प्रदेश के कई सियासी पंडितों को भी संदेश दिया। इस पहेली में उलझा दिया है कि आखिर उनकी इस बात के क्या-क्या मायने हैं। उन्होंने अपने लोगों से गले मिलने और समय की कमी होने की बात कर अपनी व्यस्तता का परिचय देते हुए कहा कि अपनी माटी और अपने लोगों से वह कभी जुदा नहीं हैं।
विज्ञापन