फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   additional assembly session to resolve Tibetan constitutional crisis on 24 may

तिब्बती प्रधानमंत्री की शपथ पर संकट, 24 मई को बुलाया संसद का अतिरिक्त सत्र

Tue, 18 May 2021 10:45 AM IST
Krishan Singh अमर उजाला नेटवर्क, धर्मशाला
अमर उजाला नेटवर्क, धर्मशाला Published by: Krishan Singh Updated Tue, 18 May 2021 10:45 AM IST
सार

हाल ही में निर्वासित तिब्बत सरकार (केंद्रीय तिब्बती प्रशासन) के चुनाव संपन्न हुए हैं। इन चुनावों में दुनिया भर में बसे तिब्बतियों ने पेंपा सेरिंग को अपना प्रधानमंत्री (सिक्योंग) चुना है। लेकिन मुख्य न्यायाधीश सहित दो अन्य न्यायाधीशों को पद से बर्खास्त किए जाने से सांविधानिक संकट पैदा हो गया है। 

विज्ञापन
additional assembly session to resolve Tibetan constitutional crisis on 24 may
निर्वासित तिब्बत संसद - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

तिब्बती सर्वोच्च न्याय आयोग के मुख्य न्यायाधीश सहित दो अन्य न्यायाधीशों को पद से बर्खास्त किए जाने के बाद उपजे तिब्बती सांविधानिक संकट के समाधान के लिए 24 मई को निर्वासित तिब्बत संसद का अतिरिक्त सत्र बुलाया गया है। संसद के सभी सदस्यों को सर्कुलर जारी कर इस अतिरिक्त सत्र के बारे में अवगत करवा दिया गया है। इस सर्कुलर की प्रति सोशल मीडिया पर भी साझा की गई है। 

विज्ञापन

गौरतलब है कि हाल ही में निर्वासित तिब्बत सरकार (केंद्रीय तिब्बती प्रशासन) के चुनाव संपन्न हुए हैं। इन चुनावों में दुनिया भर में बसे तिब्बतियों ने पेंपा सेरिंग को अपना प्रधानमंत्री (सिक्योंग) चुना है।
विज्ञापन


तिब्बती चार्टर के अनुच्छेद-25 के अंतर्गत मुख्य न्यायाधीश द्वारा ही नए प्रधानमंत्री को पद की शपथ दिलाए जाने का प्रावधान है। इसके अलावा 17वीं संसद के नवनिर्वाचित सदस्यों को भी प्रोटेम स्पीकर द्वारा शपथ दिलाई जानी है, लेकिन इस प्रोटेम स्पीकर को भी मुख्य न्यायाधीश ही शपथ दिलाएंगे। संसद के नवनिर्वाचित सदस्य इसके बाद ही स्पीकर और डिप्टी स्पीकर का चुनाव करेंगे। फिलहाल मुख्य न्यायाधीश की बर्खास्तगी के कारण यहां नए प्रधानमंत्री को पद की शपथ दिलाने संबंधी सांविधानिक संकट पैदा हो गया है। 24 मई को प्रस्तावित अतिरिक्त सत्र में इसी संकट का समाधान तलाशा जाना है।  उल्लेखनीय है कि मुख्य न्यायाधीश सहित दो अन्य जजों पर आरोप थे कि उन्होंने निर्वासित तिब्बत संसद के कार्यों में अनुचित ढंग से हस्तक्षेप किया था। 

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed