'मौका मिला तो दोबारा आऊंगा हिमाचल'
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देव भूमि में आकर काफी सुकून मिला। हमेशा अपने दोस्त समरेश से हिमाचल के धार्मिक और रमणीक स्थलों के बारे में सुनता था। शुक्रवार को अचानक पांवटा आने की योजना बनी। बड़े शहरों की भीड़भाड़ से दूर प्राकृतिक सौंदर्य से लबरेज हिमाचल की वादियां देख दिल को काफी अच्छा लगा। यह कहना है ओलंपिक पदक विजेता अंतरराष्ट्रीय शूटर गगन नारंग का।
वह शुक्रवार देर रात को अपने दोस्त समरेश के साथ पांवटा साहिब आए थे। दिल्ली रवाना होने से पूर्व अमर उजाला से बातचीत में उन्होंने कहा कि मौका मिला तो दोबारा हिमाचल की वादियों एवं धार्मिक स्थलों का भ्रमण करेंगे। गगन नारंग ने वर्ष 2012 ओलंपिक में देश को 10 मीटर एयर राइफल इवेंट में कांस्य पदक दिलाया था।
वर्ष 2010 की नई दिल्ली राष्ट्रमंडल खेलों में 10 मीटर एयर राइफल इवेंट में नया रिकॉर्ड बनाने के साथ 4 गोल्ड मेडल जीते थे। 2010 की एशियन गेम्स में सिल्वर तथा एफ्रो-एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीता। गगन ने कहा कि अभी देश के लिए बहुत कुछ करने की तमन्ना है।
छह लाख देने की घोषणा पर आभार
समरेश जंग ने कहा कि अपने प्रदेश में मिलने वाले मान-सम्मान से खिलाड़ियों का हौसला और बढ़ जाता है। उन्होंने प्रदेश सरकार की ओर से छह लाख रुपये देने की घोषणा पर मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह का आभार जताया है।
2014 एशियन गेम्स में कांस्य पदक जीतने पर मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने उन्हें छह लाख रुपये इनाम देने की घोषणा की है। वर्ष 2006 में राष्ट्रमंडल खेलों में समरेश जंग ने 5 स्वर्ण, 1 रजत और 1 कांस्य समेत कुल 7 पदक जीते थे।
उन्हें र्स्वश्रेष्ठ खिलाड़ी घोषित किया गया था। इसके बाद प्रदेश सरकार ने उन्हें नकद राशि पुरस्कार समेत सम्मानित किया था।