हिमाचल के मंडी में आग का कहर, 50 से ज्यादा झोंपड़ियां खाक, कई परिवार बेघर
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हिमाचल के मंडी शहर के पंचवक्त्र मंदिर के पास व्यास नदी के किनारे बस झुग्गी झोपडिय़ों में देर रात भीषण आग से राख हो गई। आगजनी की घटना रात करीब दस बजे हुई है। सूचना मिलने ही प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। व्यास नदी के किनारे तक फायर ब्रिगेड की बड़ी गाड़ी न पहुंचने के कारण भीषण आग को काबू नहीं किया जा सका।
प्रशासन की ओर से उपायुक्त संदीप कदम ने बचाव व राहत कार्य का जायजा लिया। अग्रिकांड में करीब पचास से अधिक झुग्गी झोपड़ियां और एक चाय की दुकान राख हो गई। इनके अंदर रह रहे बच्चों को बचाते हुए आग की चपेट में एक व्यक्ति भी झुलस गया जिसे उपचार के लिए जोनल अस्पताल मंडी में दाखिल किया गया। अभी तक आग लगने के कारणों का पता नहीं लगा है।
जानकारी के अनुसार रात करीब दस बजे शहर के पंचवक्त्र मंदिर के पास व्यास नदी के किनारे बनी करीब झुग्गी झोपडिय़ों ने अचानक आग लग गई। आग लगते आसपास के लोग बचाव के लिए मौके पर पहुंचे। लोगों ने इनके अंदर से बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला। आगजनी की घटना में प्रवासियों के करीब 40 से 50 झुग्गी झोपड़ी जलने का अनुमान है।
आग से मची अफरा तफरी, बच्चों को सुरक्षित निकाला गया
झोपडिय़ों में आग लगने की सबसे पहले मंडी कॉलेज प्रो. चमन प्रेमी ने प्रशासनिक सूचना दी। पड्डल ग्राउंड में सांस्कृतिक संध्या खत्म होने ही प्रशासनिक अधिकारियों को पंचवक्त्र मंदिर के पास प्रवासियों को झुग्गी झोपडिय़ों में आग लगने की सूचना मिली। प्रशासन और पुलिस के अधिकारी तत्काल मौके पहुंचे। फायर ब्रिगेड की बड़ी गाड़ी के आने के लिए रास्ता न होने पर छोटी गाडियां मौके पर पहुंची।
आग पर काबू पाने के लिए कड़ी मशक्कत करने के बाद भी प्रवासियों का सब कुछ राख हो गया है। अग्रिकांड में जानी नुकसान नहीं हुआ है। आग लगते ही वहां मौजूद राकेश (35) ने झोपडिय़ों से बच्चों को बाहर निकाला।
बचाव कार्य में राकेश का हाथ झुलस गया। देर रात तक बचाव कार्य जारी था। मौके पर डीसी संदीप कदम, एडीएम विवेक चंदेल, एएसपी कुलभूषण वर्मा बचाव कार्य में जुट थे। उपायुक्त संदीप कदम ने कहा कि आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है। प्रभावित परिवारों को गुरूद्धारा में ठहरने की व्यवस्था की जा रही है।