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निगम के लिए आफत बन गई शहर की पार्किंग, नहीं मिले ठेकेदार

Tue, 06 Mar 2018 10:24 PM IST
Updated Tue, 06 Mar 2018 10:24 PM IST
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निगम के लिए आफत बन गई शहर की पार्किंग, नहीं मिले ठेकेदार
अमर उजाला ब्यूरो
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शिमला। हर साल लाखों रुपये की कमाई देने वाली शहर की पार्किंग अब नगर निगम के लिए आफत बन गई हैं। इन पार्किंगों को चलाने के लिए न तो ठेकेदार मिल रहे हैं और न ही निगम के अपने कर्मचारी इसे चला पा रहे हैं।
हालत यह है कि मंगलवार को खुले 406 वाहनों की नौ पार्किंगों के टेंडर में से एक भी पार्किंग के लिए पर्याप्त आवेदन नहीं मिल पाए हैं। इनमें मेट्रोपोल स्थित 190 गाड़ियों की पार्किंग भी शामिल है जिसे लगातार चौथी बार एक भी आवेदन नहीं मिला। इसके अलावा बाकी तीन पार्किंग को चलाने के लिए भी ठेकेदार आगे नहीं आए। जिन पांच पार्किंग के लिए आवेदन मिले हैं वे नियमों को पूरा नहीं करते। नियमों के अनुसार एक पार्किंग के लिए कम से कम तीन आवेदन आने चाहिए। इसके बाद ज्यादा बोली लगाने वाले ठेकेदार को टेंडर अवॉर्ड हो जाता है। लेकिन नौ में से महज एक पार्किंग को ही दो आवेदन मिले। अब निगम माथापच्ची कर रहा है कि आखिर कैसे इन पार्किंग को चलाया जाए। कैसे इनसे आमदनी की जाए। नगर निगम के संयुक्त आयुक्त विकास सूद ने बताया कि अभी टेंडर प्रक्रिया पूरी कर रहे हैं। नियमों के अनुसार कम से कम तीन आवेदन आने चाहिए। देखेंगे कि कैसे पार्किंग का संचालन कर सकते हैं। नियमानुसार ही प्रक्रिया आगे बढ़ाएंगे।
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84 से 26 लाख तक घटी कमाई, 8 कर्मचारी भी फंस गए
पार्किंग चलाने के लिए ठेकेदार न मिलने से निगम को अपने कर्मचारी यहां तैनात करने पड़े हैं। अकेले मेट्रोपोल पार्किंग में दो साल से इस्टेट ब्रांच के आठ कर्मचारी तैनात हैं। इससे इस शाखा का काम ठप हो रहा है। वहीं, पहले इस पार्किंग से 84 लाख तक आय होती थी जो पिछले साल घटकर 26 लाख तक सिमट गई है। निगम न तो अपने कर्मियों को यहां से हटा पा रहा है, न ही कमाई बढ़ा पा रहा है। अब एक बार फिर पार्किंग का जिम्मा निगम को संभालना होगा। निगम की इस पार्किंग के टेंडर को लेकर पहले ही सवाल खड़े हो रहे थे। वहीं, बाकी आठ पार्किंग के लिए भी उम्मीद से कम आवेदन आए हैं।
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मेट्रोपोल कैंटीन और कबाड़ के लिए ही आए आवेदन
रिज स्थित एलईडी स्क्रीन के संचालन के लिए एक आवेदन मिला लेकिन रोटरी और संजौली चौक की स्क्रीन के लिए कोई आवेदन नहीं आया। सिर्फ मेट्रोपोल की कैंटीन के लिए तीन और 100 खाली करेट और लोहे का कबाड़ खरीदने के लिए पांच आवेदन आए हैं।
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इन पार्किंग के लिए मिला महज एक टेंडर
पार्किंग का नाम वाहन क्षमता कितने आवेदन
निगम कार पार्किंग प्रथम मंजिल हाईकोर्ट 35 वाहन 1
निगम कार पार्किंग टिट्ला होटल जाखू 27 वाहन 1
संजौली में वर्किंग वूमेन हॉस्टल पार्किंग 30 वाहन 2
जोधा निवास दो मंजिला कार पार्किंग 40 वाहन 1
दो पहिया पार्किंग रिवोली रोड लक्कड़ बाजार 40 वाहन 1
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इन पार्किंग के लिए नहीं मिले आवेदन
मेट्रोपोल स्थित नगर निगम की कार पार्किंग 190 वाहन
कार पार्किंग एसडीए कॉम्पलेक्स कसुम्पटी 21 छोटे वाहन
कार पार्किंग खलीणी 15 वाहन
रैन बसेरा कार पार्किंग लक्कड़ बाजार 8 वाहन
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