फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   एक्सपोजर विजिट पर मेयर ऑफिस में हंगामा, डिप्टी मेयर ने किया किनारा

एक्सपोजर विजिट पर मेयर ऑफिस में हंगामा, डिप्टी मेयर ने किया किनारा

Tue, 30 Jan 2018 10:12 AM IST
Updated Tue, 30 Jan 2018 10:12 AM IST
विज्ञापन
एक्सपोजर विजिट पर मेयर ऑफिस में हंगामा, डिप्टी मेयर ने किया किनारा
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

शिमला। नगर निगम में भाजपा पार्षदों की लड़ाई सबके सामने आ गई है। पार्षदों के एक्सपोजर विजिट को लेकर सोमवार को मेयर ऑफिस से लेकर प्रदेश सचिवालय तक खूब हंगामा बरपा। विवाद के चलते डिप्टी मेयर राकेश शर्मा ने टुअर से किनारा कर लिया है। डिप्टी मेयर का कहना है कि वे केरल नहीं जाएंगे। दोपहर करीब दो बजे डिप्टी मेयर महापौर कार्यालय पहुंचे। यहां केरल दौरे को मेयर और डिप्टी मेयर में तीखी बहस भी हो गई। डिप्टी मेयर का कहना था कि जब शहरी विकास विभाग से सभी 34 पार्षदों को एक साथ भेजने की लिस्ट जारी हुई है तो इसमें क्या आपत्ति है, लेकिन मेयर दो ग्रुप में पार्षदों को भेजने पर अड़ी रहीं। कहा कि यदि सभी पार्षद एक साथ केरल जाएंगे तो शहर खाली हो जाएगा। लोगों की समस्याएं कौन सुनेगा, शहर में अव्यवस्था फैल सकती है।
मेयर कुसुम सदरेट सभी पार्षदों को एक साथ न ले जाने की जिद्द पर अड़ी हैं तो पार्षदों का एक गुट सभी को एक साथ केरल ले जाने की मांग कर रहा है। इनका कहना था कि जब शहरी विकास विभाग ने सभी को एक साथ जाने की मंजूरी दी है तो मेयर क्यों पिक एंड चूज कर पार्षदों को अलग अलग भेज रही हैं। दौरे को लेकर हंगामा इतना बढ़ गया कि नाराज भाजपा पार्षदों ने सचिवालय से लेकर शिक्षा मंत्री तक को फोन घुमा दिए। देर शाम तक मेयर ऑफिस से लेकर सचिवालय के शहरी विकास विभाग में दौरे को लेकर मामला गरमाया रहा। अब विवाद इतना बढ़ गया है कि एक फरवरी से प्रस्तावित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम पर ही संकट मंडराने लगा है।
विज्ञापन

--
मेयर ऑफिस से लेकर सचिवालय तक हंगामा
सोमवार सुबह दौरे को लेकर शहरी विकास विभाग ने आधिकारिक मंजूरी दी। बाकायदा विभाग ने सभी पार्षदों को पहली से तीन फरवरी तक चलने वाले प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए भेजने को कहा। लेकिन मेयर सभी को साथ ले जाने को तैयार नहीं थी। तर्क था कि शहर खाली हो जाएगा। लोगों की शिकायतें कौन सुनेगा। दोपहर दो बजे 17 पार्षदों की पहली लिस्ट जारी करने की तैयारी की गई। लेकिन इससे पहले कि लिस्ट जारी होती, पहले डिप्टी मेयर राकेश शर्मा और फिर पार्षदों से तीखी बहस हो गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

---
पार्षदों ने मेयर से पूछा : एक साथ ले जाने में आपको क्या आपत्ति
भाजपा पार्षद किमी सूद, कमलेश मेहता, विदुशी शर्मा, पूर्णमल और माकपा पार्षद शैली शर्मा ने मेयर से पूछा कि आखिर सभी एक साथ क्यों नहीं जा सकते। कहा कि जब विभाग सबको एक साथ भेज रहा है तो मेयर को आपत्ति क्यों। पार्षदों ने कहा कि दूसरा दौरा होना ही नहीं है, इसीलिए ऐसा किया जा रहा है। पिक एंड चूज कर पार्षदों को केरल ले जाना ठीक नहीं। इन्होंने मेयर से कहा कि यदि वे लिखित में दें कि दूसरा ग्रुप भी केरल जाएगा तो वे बाद में जाने को तैयार है। लेकिन विवाद बढ़ता गया। इसके बाद सभी पार्षद आयुक्त कार्यालय में बैठ गए। पार्षदों से बात करने के बाद आयुक्त रोहित जम्वाल फिर मेयर ऑफिस गए, लेकिन फिर भी मामला शांत नहीं हुआ। देर शाम करीब छह बजे पार्षद प्रदेश सचिवालय पहुंच गए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed