Rajasthan: कन्हैयालाल के हत्यारों को पकड़वाने वाले दहशत में, जान का खतरा-नौकरी से भी निकाला, सरकार भूली वादा
कन्हैयालाल के हत्यारों को पकड़वाने वाले दोनों युवकों ना तो कोई सुरक्षा दी गई है और ना ही सरकार की ओर से अब तक कोई मदद की गई है। उन्हें नौकरी से निकाल दिया गया है और अब कोई भी जॉब पर नहीं रख रहा है।
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उदयपुर हत्याकांड के आरोपियों गौस मोहम्मद और रियाज अत्तारी को पकड़वाने वाले दहशत में हैं। राजसमंद के रहने वाले शक्ति सिंह और प्रहलाद अपनी जान को खतरा बता रहे हैं। सरकारी मदद के लिए दोनों यहां-वहां भटक रहे हैं। पुलिस की ओर ना तो उन्हें कोई सुरक्षा दी गई है और ना ही सरकार की ओर से अब तक कोई मदद की गई है। दोनों से किए गए वादे भी सरकार ने नहीं निभाए हैं। उन्हें नौकरी से निकाल दिया गया है और अब कोई भी जॉब पर नहीं रख रहा है। सोमवार को शक्ति और प्रहलाद उदयपुर में कन्हैयालाल के घर पहुंचे। उन्होंने कन्हैया के परिजनों से मुलाकात भी की।
दरअसल, 28 जून को उदयपुर में गौस और रियाज ने टेलर कन्हैयालाल की गला रेतकर हत्या कर दी थी। हत्या के बाद दोनों आरोपी फरार हो गए। जिन्हें राजसमंद के भीम इलाके में पकड़ा गया था। इन्हें पकड़वाने में शक्ति सिंह और प्रहलाद ने बड़ी भूमिका निभाई थी। लेकिन, इसके बाद उनका चेहरा सबके सामने आ गया था। उस दौरान दोनों की बहादुरी की खूब तारीफ हुई थी। जगह-जगह उनका सम्मान किया गया। सरकार ने भी कहा कि वे शक्ति और प्रहलाद को लाइसेंसी बंदूक देगी और सुरक्षा के लिए गार्ड तैनात किए जाएंगे। हत्याकांड को 6 महीने से अधिक का समय बीतने के बाद भी दोनों को ना तो सुरक्षा मिली और ना ही सरकारी मदद। बल्कि, कन्हैया के हत्यारों को पकड़वाने के बाद अब उनकी मुश्किलें और बढ़ गई हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के सोमवार को शक्ति सिंह और प्रहलाद कन्हैयालाल के परिवार से मिलने के लिए उदयपुर पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि हत्यारों को पकड़वाने के लिए हमने 25 किलोमीटर उनका पीछा किया था। पुलिस को लगातार सूचना दे रहे थे, जिसके बाद उन्हें पकड़ा गया था। इसके बाद हमारे चहरे सार्वजनिक हो गए। आज हमारी हालत देखकर गांव वाले हंसते हैं। सरकार की ओर से हमारी कोई मदद नहीं की गई। जहां हम नौकरी करते थे, वहां से हमें निकाल दिया गया है। अब कोई हमें नौकरी भी नहीं दे रहा है। हमारी जान को खतरा बना हुआ है। अगर, ऐसा होगा तो आने वाले समय में कोई भी किसी की मदद के लिए आगे नहीं आएगा।
जानकारी के अनुसार हाल ही में उदयपुर में हुई सर्व समाज की बैठक में भी शक्ति सिंह और प्रहलाल को लेकर बात हुई थी। नारायणी सेना के संस्थापक और अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के पदाधिकारियों ने उन्हें फोन कर मिलने बुलाया था। कन्हैयालाल के बेटों की ओर से उन्हें 25 - 25 हज़ार रुपये के चेक दिए गए हैं। कन्हैया के बेटे यश ने सरकार से दोनों को सुरक्षा देने की मांग की है।