पुजारी हत्या: सरकार ने दिया 10 लाख मुआवजे का भरोसा, एक सदस्य की नौकरी का भी किया वादा
राजस्थान के करौली में पुजारी की हत्या के मामले में गहलोत सरकार ने पीड़ित परिवार को 10 लाख मुआवजे का एलान किया है। इसके अलावा परिवार के एक सदस्य को नौकरी भी दी जाएगी। इसका भी वादा किया गया है। इसके साथ ही पीड़ित परिवार को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 1.5 लाख रुपये दिए जाएंगे। बता दें कि इस घटना में एसएचओ और पटवारी को निलंबित कर दिया गया है।
इससे पहले परिजनों ने अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया था। पीड़ित परिवार मुआवजे और नौकरी की मांग कर रहे थे। पुजारी के परिजनों का कहना था कि जब तक हमारी मांगें पूरी नहीं होंगी, हम अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। पुजारी बाबूलाल के रिश्तेदार ने कहा था, 'हमें 50 लाख का मुआवजा और एक सरकारी नौकरी मिले। जब तक हमारी मांगें पूरी नहीं होंगी, हम अंतिम संस्कार नहीं करेंगे।'
बता दें कि करौली में शुक्रवार को एक मंदिर के 50 वर्षीय पुजारी को राज्य के करौली में छह दबंगों द्वारा पेट्रोल डालकर जिंदा जला दिया गया था। इसके बाद से करौली में इस घटना को लेकर घमासान मच गया। सियासत होने लगी। इम मामले में गहलोत सरकार बैकफुट पर चली गई थी।
वहीं, विपक्षी दल भाजपा लगातार अशोक गहलोत सरकार को निशाने पर ले रही थी। दूसरी तरफ, राज्यपाल कलराज मिश्र ने करौली में पुजारी की हत्या मामले को लेकर सीएम अशोक गहलोत से बात की। राज्यपाल ने इस मुद्दे को लेकर चिंता जताई। बहरहाल, मामला सुलझ गया है। गहलोत सरकार ने पीड़ित परिवार की मांगे मान ली है।
राजस्थान अपराध के आंकड़ों में अग्रणी राज्यों में से एक -गजेंद्र सिंह शेखावत
केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा है कि राजस्थान के करौली जिले के सपोटरा कस्बे में जिस तरह से एक पुजारी को मंदिर के विवाद के लिए जिंदा जलाने का प्रयास किया गया, ये राजस्थान सरकार की अकर्मण्यता, असफलता और असमंजसता का एक और प्रमाण है। राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो संख्या के अनुसार, राजस्थान अपराध के आंकड़ों में अग्रणी राज्यों में से एक है।
The attempt to burn the priest over a temple dispute in #Karauli proves the disarray & state of confusion in which the Rajasthan govt lies. According to National Crime Records Bureau numbers, Rajasthan is one of the leading states in crime statistics: GS Shekhawat, Union Minister pic.twitter.com/6G4nuijIMs
— ANI (@ANI) October 10, 2020
राजस्थान के करौली ज़िले के सपोटरा कस्बे में जिस तरह से एक पुजारी को मंदिर के विवाद के लिए जिंदा जलाने का प्रयास किया गया, ये राजस्थान सरकार की अकर्मण्यता, असफलता और असमंजसता का एक और प्रमाण है: केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत #Rajasthan pic.twitter.com/YaLXoSePzO
— ANI_HindiNews (@AHindinews) October 10, 2020
पुजारी के परिवार को 10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि का आश्वासन
राजस्थान करौली केस में भाजपा सांसद केएल मीणा ने कहा है कि सरकार ने आश्वासन दिया है कि 10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि और 1.5 लाख रुपये पीएम आवास योजना के तहत पुजारी के परिवार को दिए जाएंगे। उसके परिवार के एक सदस्य को नौकरी भी दी जाएगी। एसएचओ और पटवारी को निलंबित कर दिया गया है।
The Government has assured that Rs 10 lakh ex-gratia amount and Rs 1.5 lakh under PM Awas Yojana will be given to the Priest's family. A job will also be given to a member of his family. The SHO and the Patwari have been suspended: BJP MP KL Meena on #KarauliCase #Rajasthan pic.twitter.com/hHyCJKRdUT
— ANI (@ANI) October 10, 2020
प्रशासन का दाह संस्कार का अनुरोध
जिला प्रशासन ने पुजारी के परिवार से मुलाकात की है और उनसे अंतिम संस्कार किए जाने का अनुरोध किया है। करौली के एसडीएम ओम प्रकाश मीणा ने कहा है कि पुजारी के परिजनों द्वारा रखी गई मांग को लेकर वरिष्ठ अधिकारियों को जानकारी दी गई है। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ अधिकारी सरकार को परिवार की मांग के बारे में बताएंगे। हमारा परिजनों से अनुरोध है कि वे शव की अंतिम यात्रा निकालें, क्योंकि शव को रखे हुए दो दिन बीत चुके हैं।
वहीं, पुजारी बाबूलाल के रिश्तेदार ललित ने कहा, जब तक हमारी मांग पूरी नहीं होती हम शरीर का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। हम चाहते हैं कि 50 लाख रुपये मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी मिले।
We won't perform last rites of the body till our demands are met. We want Rs 50 lakhs compensation & a govt job. All accused must be arrested & action should be taken against Patwari & policemen who are supporting the accused. We want protection: Lalit, Priest Babulal's Relative https://t.co/GlxRkKuTCe pic.twitter.com/JBPUrKgwnB
— ANI (@ANI) October 10, 2020
उन्होंने कहा, सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाना चाहिए और आरोपियों का समर्थन करने वाले पटवारी और पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। हम परिवार के लिए सुरक्षा की भी मांग करते हैं।
राज्यपाल कलराज मिश्र और सीएम गहलोत के बीच कानून व्यवस्था को लेकर हुई बात
राजस्थान के राज्यपाल कलराज मिश्र ने करौली में एक पुजारी को कथित रूप से जलाने, बाड़मेर दुष्कर्म मामले और राज्य की कानून व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से बात की। राज्यपाल ने इन मामलों को लेकर चिंता व्यक्त की। वहीं, सीएम गहलोत ने आश्वासन दिया कि मामलों की जांच की जा रही है और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। राज्यपाल सचिवालय की तरफ से इसकी जानकारी दी गई है।
Rajasthan Governor Kalraj Mishra spoke to CM Ashok Gehlot over alleged burning of a priest in Karauli, Barmer rape case and state's law & order. Governor expressed concern, CM assured that cases are being probed & culprits won't be spared: Governor's Secretariat (File pic) pic.twitter.com/XtEKDl8And
— ANI (@ANI) October 10, 2020
भाजपा हुई हमलावर
गौरतलब है कि करौली में एक मंदिर के पुजारी को जिंदा जलाने की कोशिश की गई थी। बाद में इलाज के दौरान पुजारी की मौत हो गई। पुलिस ने मुख्य आरोपी कैलाश मीणा को गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन इस मामले पर राजनीति शुरू हो गई है।
भारतीय जनता पार्टी ने राज्य की अशोक गहलोत सरकार पर सवाल उठाए हैं। भाजपा ने सवाल किया कि क्या यही मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का भयमुक्त राजस्थान है, जिसका उन्होंने वादा किया था। वहीं, भाजपा नेता राज्यवर्धन सिंह राठौर ने कहा कि राजस्थान में आज कोई सुरक्षित नहीं है। उन्होंने कहा कि यहां न महिलाएं सुरक्षित हैं और न ही बच्चे, यहां पुजारी भी सुरक्षित नहीं हैं।
जयपुर ग्रामीण सीट से लोकसभा सांसद राठौर ने इस घटना के लिए अशोक गहलोत सरकार को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि महीनों तक पांच सितारा होटल में रहने वाली सरकार केवल खुद की सुरक्षा कर सकती है, जनता की नहीं। एनसीबी के डाटा के अनुसार महिलाओं के खिलाफ अपराध के मामले में राजस्थान पहले स्थान पर है।