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RTH Bill: मरीजों की परेशानी पर गहलोत का बयान, बोले- लोगों को गुमराह कर रहा प्रदेश में सक्रिय आरएसएस का धड़ा
Sun, 02 Apr 2023 10:41 AM IST
अर्पित याज्ञनिक
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोटा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोटा
Published by: अर्पित याज्ञनिक
Updated Sun, 02 Apr 2023 10:41 AM IST
सार
राइट टू हेल्थ बिल पर गहलोत ने दावा किया कि प्रदेशभर मरीजों की परेशानी की वजह न तो बिल है और न ही राज्य सरकार, बल्कि आरएसएस का एक धड़ा है जो प्रदेश में सक्रिय है।
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सीएम अशोक गहलोत
- फोटो : Amar Ujala Digital
विस्तार
प्रदेश में चल रहे राइट टू हेल्थ बिल के विरोध के बीच मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का एक बयान सामने आया है। सीएम गहलोत ने एक बार फिर आरएसएस को अपना निशाना बनाया है। गहलोत का दावा है कि प्रदेशभर मरीजों की परेशानी की वजह न तो राइट टू हेल्थ बिल है और न ही राज्य सरकार। उन्होंने कहा कि मरीजों की परेशानी के वजह आरएसएस का धड़ा है जो इस समय प्रदेश में सक्रिय है। उनका दावा है राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े चार-पांच लोग दिल्ली से राजस्थान में आए हुए हैं और यही लोग प्रदेश की जनता को गुमराह करने का काम रहे हैं।
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सीएम गहलोत ने चिकित्सकों से हड़ताल खत्म करने की अपील करते हुए कि डॉक्टरों में ही कुछ आरएसएस के लोग शामिल हैं जो लोगों को भड़का रहे हैं। गहलोत ने कहा कि डॉक्टरों द्वारा वित्त सचिव को दी गई सिफारिशों पर सभी सहमत थे, लेकिन बाद में आरएसएस से जुड़े कुछ चार-पांच डॉक्टरों ने आपत्ति जताई। यह आरोप नहीं बल्कि सच्चाई है।
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सीएम का दावा दो लोग दिल्ली से आए
मुख्यमंत्री ने दावा किया कि दो लोग दिल्ली से आए और उनसे मिलने के लिए कहा गया। गहलोत ने कहा कि जब उन्हें वित्त सचिव अखिल अरोड़ा के पास भेजा गया तो वे सचिव से मिलने के बजाय, दोनों राज्यपाल के पास चले गए। वे यहां चिकित्सकों को गुमराह करने के बाद दिल्ली लौट गए। मुख्यमंत्री गहलोत ने चिकित्सकों की हड़ताल के बारे में कहा कि विधेयक के तहत लोगों को 25 लाख रुपये तक की मुफ्त स्वास्थ्य सेवाएं पाने का अधिकार दिया गया है और सरकार इलाज का भुगतान करेगी।
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