Surya Namaskar: राजस्थान ने सूर्य नमस्कार में फिर बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड, 1.53 करोड़ लोगों ने एक साथ किया था योग
राजस्थान सरकार के शिक्षा विभाग ने राज्यव्यापी सूर्य नमस्कार अभियान चलाकर नया रिकॉर्ड बनाया है। सूर्य सप्तमी श्री देवनारायण जयंती के अवसर पर अवकाश होने के बावजूद राज्य के एक करोड़ 53 लाख 16 हजार 158 लोगों ने सूर्य नमस्कार में भाग लिया था।
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राजस्थान ने सूर्य नमस्कार में एक नया विश्व रिकॉर्ड बनाया है। तीन फरवरी को हुए राज्य स्तरीय कार्यक्रम में आयोजित सूर्य नमस्कार में एक करोड़ 53 लाख से अधिक लोगों ने एक साथ सूर्य नमस्कार करते हुए पहले के 1.33 करोड़ प्रतिभागियों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। गुरुवार को विधानसभा में वर्ल्ड बुक ऑफ रिकॉर्ड्स के प्रतिनिधि प्रथम भल्ला ने इस उपलब्धि का प्रोविजनल प्रमाण पत्र जारी किया, जिसे शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने ग्रहण किया।
आज लंदन वर्ल्ड बुक रिकार्ड के प्रतिनिधि श्री प्रथम भल्ला जी ने जयपुर विधानसभा परिसर में सामूहिक सूर्य नमस्कार के नवीन विश्व कीर्तिमान हेतु अंतरिम प्रमाण-पत्र प्रदान किया।
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गौरतलब है कि दिनांक 03 फरवरी 2025 को, राजस्थान शिक्षा विभाग के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में पिछले… pic.twitter.com/fZdsaY9QyTविज्ञापन विज्ञापन— Madan Dilawar (@madandilawar) February 6, 2025
इस मौके पर शिक्षा एवं पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर ने कहा कि उन सभी को धन्यवाद, जिन्होंने तीन फरवरी को सूर्य सप्तमी के अवसर पर आयोजित सूर्य नमस्कार कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर भाग लिया और एक नया विश्व रिकॉर्ड बनाया। दिलावर ने कहा कि गत वर्ष पहली बार पूरे प्रदेश के विद्यालयों में एक साथ सूर्य नमस्कार का आयोजन किया गया था। उस समय एक करोड़ 33 लाख लोगों ने पूरे प्रदेश में एक साथ सूर्य नमस्कार किया था, जो पूरे विश्व में इतनी बड़ी संख्या में सूर्य नमस्कार करने का विश्व रिकॉर्ड था। इस वर्ष प्रदेश में शिक्षा विभाग की ओर से सभी सरकारी, निजी विद्यालयों में सामूहिक सूर्य नमस्कार का आयोजन किया गया, जिसमें प्रदेश के स्कूली बच्चों ने पूरे जोश के साथ भाग लिया और अपने पिछले रिकार्ड को तोड़ते हुए नया रिकॉर्ड एक करोड़ 53 लाख से अधिक का बनाया।
हम सबके लिए गर्व की बात
दिलावर ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि हमारे नौनिहाल स्वस्थ रहें, ताकि अपना भविष्य उज्जवल कर सकें। स्वस्थ रहने के लिए यह आवश्यक है कि प्रतिदिन व्यायाम किया जाए। इसलिए विद्यालयों में प्रतिदिन प्रार्थना सभा के बाद सूर्य नमस्कार कराया जाता है। क्योंकि सूर्य नमस्कार सर्व योग है और स्वस्थ तन, मन रखने के लिए सूर्य नमस्कार सर्वश्रेष्ठ योग है। दिलावर ने कहा कि यह हम सब के लिए गर्व की बात है कि सूर्य नमस्कार के लिए हर एक ने बढ़-चढ़ कर भाग लिया।
दिनचर्या में अपनाने की अपील
शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने सभी प्रदेशवासियों को इस विश्व रिकॉर्ड की बधाई देते हुए कहा कि सूर्य नमस्कार न केवल हमारी संस्कृति का अभिन्न हिस्सा है, बल्कि यह शारीरिक स्वास्थ्य और तनाव मुक्त जीवन के लिए भी आवश्यक है। उन्होंने सभी से प्रतिदिन इस योग को अपनाने की अपील की। बता दें कि सूर्य नमस्कार एक भारतीय योग की एक पुरानी प्रक्रिया है, जिससे शारीरिक और मानसिक लाभ मिलता है, इसमें कुल 12 आसन होते हैं। इस प्रक्रिया में आसनों के साथ श्वास-प्रश्वास के भी नियम निर्धारित होते हैं।