{"_id":"6672974b34865e7bec03ae58","slug":"rajasthan-news-gehlot-s-reply-to-cm-s-statement-said-chiranjeevi-scheme-was-started-after-my-operation-2024-06-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rajasthan News: सीएम भजनलाल के बयान पर गहलोत का जवाब, कहा- चिरंजीवी योजना शुरू होने से पहले हुआ था ऑपरेशन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rajasthan News: सीएम भजनलाल के बयान पर गहलोत का जवाब, कहा- चिरंजीवी योजना शुरू होने से पहले हुआ था ऑपरेशन
Wed, 19 Jun 2024 02:01 PM IST
प्रिया वर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
Published by: प्रिया वर्मा
Updated Wed, 19 Jun 2024 02:01 PM IST
सार
पूर्ववर्ती गहलोत सरकार की चिरंजीवी योजना को सदी की सबसे असफल योजना बताने पर पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के बयान को गलत बताते हुए कहा कि मेरा ऑपरेशन प्रदेश में चिरंजीवी योजना लागू होने से पहले हुआ था
विज्ञापन
राजस्थान
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
चिरंजीवी योजना को सदी की सबसे असफल योजना बताने वाले सीएम भजनलाल शर्मा के बयान पर पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने जवाब दिया है। शर्मा ने मंगलवार को बजट पूर्व संवाद बैठक में कहा था कि चिरंजीवी योजना लागू करने वाले अशोक गहलोत ने अपने हर्निया का ऑपरेशन मुंबई में करवाया था।
विज्ञापन
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शर्मा के इस बयान का जवाब देते हुए कहा कि मेरा हार्निया का ऑपरेशन फरवरी 2019 में हुआ था, जबकि चिरंजीवी योजना मई 2021 से शुरू हुई थी।
विज्ञापन
गहलोत ने सोशल मीडिया पर पोस्ट डालकर कहा कि उन्होंने चिरंजीवी योजना में तीन बार अपना ट्रीटमेंट जयपुर के सरकारी अस्पताल एसएमएस में ही करवाया। उन्होंने लिखा है कि मेरी आर्टरी में ब्लॉकेज, पैरों के अंगूठों में फ्रैक्चर एवं कोविड के बाद हैप्पी हाइपोक्सिया होने पर इलाज SMS अस्पताल, जयपुर में ही हुआ, जिसके कारण मैं वहां कुछ दिन भर्ती भी रहा एवं सरकारी योजनाओं का लाभ लेकर ही इलाज करवाया।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि चिरंजीवी योजना से लाखों लोगों के जीवन में सुधार हुआ है। अगर ये योजना ना होती तो ना जाने कितने गरीबों एवं मध्यमवर्गीय परिवारों के जमीन-जायदाद इलाज में बिक जाते। निजी अस्पतालों के कुछ डॉक्टरों को ऐसा असत्य बोलकर एक अच्छी योजना एवं मेडिकल जैसे पवित्र पेशे को बदनाम करने से बचना चाहिए।
गहलोत ने कहा कि हमारी सरकार ने राइट टू हेल्थ का कानून बनाया, जिससे आपातकालीन परिस्थितियों में निशुल्क इलाज हो सके। वर्तमान सरकार को भी डॉक्टर एसोसिएशन के साथियों को विश्वास में लेकर राइट टू हेल्थ के नियम जल्द से जल्द बनाकर लागू करने चाहिए, जिससे राजस्थान के हर निवासी को इलाज का अधिकार मिले।