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संगरूर में किसानों ने डीसी दफ्तर के सामने लगाया धरना
ब्यूरो, अमर उजाला, संगरूर
Updated Mon, 28 Mar 2016 10:24 PM IST
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संगरूर के डीसी दफ्तर के सामने रोष धरना देते किसान।
- फोटो : amarujala
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भारतीय किसान यूनियन एकता उग्राहां के नेतृत्व में सोमवार को किसानों ने मांगों को लेकर डीसी दफ्तर के सामने रोष धरना लगाया। यूनियन के जिलाध्यक्ष अमरीक सिंह गंढूआं के नेतृत्व में लगाए इस धरने में महिलाएं भी खासी तादाद में शामिल थीं। धरनाकारियों ने पंजाब और केंद्र सरकार खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
यूनियन के प्रदेशाध्यक्ष जोगिंदर सिंह उग्राहां ने कहा कि केंद्र तथा पंजाब सरकार खेतीबाड़ी प्रति गंभीर नहीं है बल्कि सरकार मुट्ठीभर कारपोरेट घरानों के पक्ष लेकर किसान तथा मजदूर विरोधी नीतियां अपना रही है। सरकार की बुरी नीतियों के चलते ही आज किसान तथा मजदूर खुदकुशी की राह पर चल रहे हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार द्वारा पेश किए गए कर्ज राहत बिल में किसानों को कोई राहत नहीं दी गई बल्कि इसमें आढ़तियों तथा बैंकों वाले के हितों को प्रमुखता दी गई है।
उन्होंने मांग की कि पिछले समय कपास के हुए नुकसान के मुआवजे के चेक जल्दी जारी किए जाएं और बारिश एवं ओलावृष्टि से खराब हुई फसल की शीघ्र गिरदावरी करवाकर उचित मुआवजा दिया जाए। इसके साथ ही खुदकुशी कर चुके किसानों तथा मजदूरों के परिवारों को तुरंत मुआवजा देकर राहत दी जाए। इस मौके पर यूनियन नेता जनक सिंह भुटाल, दिलबाग सिंह हरिगढ़, दरबारा सिंह छाजला, जसविंदर सिंह लौंगोवाल, हरपाल सिंह पेधनी, जसवंत सिंह भोला, रामशरण सिंह उग्राहां, श्यामदास कांझली, हरबंस लड्डा मौजूद थे।
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यूनियन के प्रदेशाध्यक्ष जोगिंदर सिंह उग्राहां ने कहा कि केंद्र तथा पंजाब सरकार खेतीबाड़ी प्रति गंभीर नहीं है बल्कि सरकार मुट्ठीभर कारपोरेट घरानों के पक्ष लेकर किसान तथा मजदूर विरोधी नीतियां अपना रही है। सरकार की बुरी नीतियों के चलते ही आज किसान तथा मजदूर खुदकुशी की राह पर चल रहे हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार द्वारा पेश किए गए कर्ज राहत बिल में किसानों को कोई राहत नहीं दी गई बल्कि इसमें आढ़तियों तथा बैंकों वाले के हितों को प्रमुखता दी गई है।
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उन्होंने मांग की कि पिछले समय कपास के हुए नुकसान के मुआवजे के चेक जल्दी जारी किए जाएं और बारिश एवं ओलावृष्टि से खराब हुई फसल की शीघ्र गिरदावरी करवाकर उचित मुआवजा दिया जाए। इसके साथ ही खुदकुशी कर चुके किसानों तथा मजदूरों के परिवारों को तुरंत मुआवजा देकर राहत दी जाए। इस मौके पर यूनियन नेता जनक सिंह भुटाल, दिलबाग सिंह हरिगढ़, दरबारा सिंह छाजला, जसविंदर सिंह लौंगोवाल, हरपाल सिंह पेधनी, जसवंत सिंह भोला, रामशरण सिंह उग्राहां, श्यामदास कांझली, हरबंस लड्डा मौजूद थे।
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