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जमानत दी तो भाग जाएगा पाकिस्तान, अदालत ने खारिज की आतंकी की याचिका

Wed, 25 Aug 2021 01:35 AM IST
Mohali Bureau मोहाली ब्‍यूरो
Updated Wed, 25 Aug 2021 01:35 AM IST
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Terrorists will flee to Pakistan if granted bail, NIA court rejects plea
मोहाली। डेराबस्सी के साथ मोहाली और चंडीगढ़ के बस अड्डों की रेकी कर धमकों को अंजाम देने की योजना में लगे आतंकी को पुलिस ने धर दबोचा था। हिजबुल और गजवत-उल-हिंद का यह आतंकी अब जेल में है। सुहैल अहमद भट्ट नामक इस आरोपी आतंकी की जमानत याचिका एनआईए की विशेष अदालत ने यह कहते हुए खारिज कर दी कि आरोपी के पाकिस्तान भागने की संभावना है।
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हिजबुल मुजाहिदीन और गजवत-उल-हिंद के आतंकी स्वयंभू कमांडर जाकिर मूसा के इशारे पर सुहैल अहमद भट्ट ने आतंकी हमले की योजना बनाई थी। एनआईए ने अपनी चार्जशीट में कहा है कि सुहैल अहमद भट्ट को 11 अक्तूबर 2018 को गिरफ्तार कर उस पर जालंधर सदर पुलिस स्टेशन में मुकदमा दर्ज किया था। जिसे बाद में जांच के लिए एनआईए को सौंप दिया था। एनआईए के मुताबिक भट्ट वर्ष 2013 में आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन से जुड़ गया था। तभी से वह आतंकी जाकिर मूसा का करीबी रहा है। मूसा के ही इशारे पर भट्ट ने आतंकी हमले के लिए डेराबस्सी सहित मोहाली और चंडीगढ़ सेक्टर 17 और सेक्टर- 43 के बस अड्डों की रेकी की। भट्ट ने जाहिद गुलजार को मूसा से मिलवाया। गुलजार के जरिए आतंकी वारदात को अंजाम देने के लिए शुरूआती दौर का सामान जमा करना शुरू कर दिया था। जाहिद गुलजार को जालंधर पुलिस ने उसके दो साथियों यासिर रफीक भट्ट और मोहम्मद इदरीस शाह के साथ शाहपुर कैंपस में सिटी इंस्टीट्यूट के हॉस्टल से गिरफ्तार किया था। इसके पास से घातक स्वचालित हथियार और एक किलो विस्फोटक सामग्री बरामद हुई थी।
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वहीं, आतंकी सुहैल अहमद भट्ट ने एनआईए की विशेष अदालत में अपने वकीलों के माध्यम से जमानत याचिका दायर की थी। जिसकी सुनवाई मंगलवार को जस्टिस करुणेश कुमार ने की। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने और तथ्यों को परखने के बाद जमानत याचिका खारिज कर दी। अदालत ने कहा कि जमानत मिलने पर आरोपी के पाकिस्तान भागने का खतरा है। क्योंकि पूरा षडयंत्र पाकिस्तान प्रायोजित था। इसके साथ ही कश्मीर के गवाहों की जान को खतरा पैदा हो सकता है। अदालत ने कहा कि मुकदमे के लिए आरोपी की मौजूदगी जरूरी है और जेल में रखने के अलावा आरोपी की मौजूदगी को सुनिश्चित करने का अन्य कोई तरीका नहीं है। एनआईए की विशेष अदालत ने इन आधारों पर सुहैल अहमद भट्ट की जमानत याचिका खारिज कर दी है।
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