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अगर ऐसी री-कारपेटिंग होगी तो दुकानों में घुसेगा पानी
अमर उजाला ब्यूरो, मोहाली
Updated Tue, 24 May 2016 10:23 AM IST
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अगर ऐसी री-कारपेटिंग होगी तो दुकानों में घुसेगा पानी
- फोटो : अमर उजाला
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नगर निगम अगर बाजारों की सड़कों की ऐसे ही री-कारपेटिंग करवाएगा तो हलकी बारिश में भी दुकानों में पानी भरना तय है। यह कहना है फेज-3बी2 के दुकानदारों का। सोमवार को दुकानदारों को जैसे ही बाजार की सड़की की री-कारपेटिंग की सूचना मिली तो वह इकट्ठा हो गए। एससीएफ मालिकों ने कहा ऐसी स्थिति में बारिश होने पर नुकसान का सामना करना पड़ सकता है। बता दें कि नगर निगम शहर की विभिन्न बाजारों की सड़कों की आज कल री-कारपेटिंग करवा रहा है। यह काम अभी पूरा भी नहीं पाया है, लेकिन इस पर सवालिया निशान लग गया है।
जानकारी के मुताबिक, सोमवार दोपहर जैसे ही फेज-3बी2 में री-कारपेटिंग की खबर दुकानदारों तक पहुंची, तभी वह इकट्ठा हो गए। उन्होंने निगम के काम पर सवाल उठाना शुरू कर दिया। इसी बीच वह बीजेपी पार्षद के दफ्तर पहुंच गए। इसके बाद सूचना मिलते ही मौके पर निगम के कमिश्नर उमा शंकर गुप्ता अपने टेक्निकल स्टाफ को लेकर मौके पर पहुंचे। उन्होंने स्थिति का जायजा लिया। साथ ही लोगों को आश्वासन दिया कि आगे से नियमों को ध्यान में रखकर ही काम किया जाएगा। जिक्रयोग है कि गत वर्ष पूरे शहर में बारिश के बाद पानी भर गया था। डीसी ने आधी रात शहर का दौरा कर स्थिति का जायजा लिाय था। वहीं, खफा लोग अपने क्षेत्र के पार्षदों के साथ डीसी और निगम कमिश्नर से मिले थे। लोगों की समस्या सुनने के बाद डीसी और कमिश्नर ने मौके का जायजा लिया था। फिर निगम ने पैक की टीम से इस समस्या का हल करने के लिए सर्वे कराया गया था। सर्वे के बाद पैक की टीम ने जो सुझाव दिया था, उसके अनुसार मोहाली की सड़कों और मार्केट क्षेत्र की पुरानी री-कारपेटिंग को उखाड़ने के बाद री-कारपेटिंग की जाए।
लेवल डेढ़ फुट से घटकर डेढ़ इंच रह गया
जानकारी के मुताबिक, जब 40 साल पहले शहर बसा था। उस समय सड़क से घर या शोरूम की ऊंचाई डेढ़ फुट थी। जो कि अब कम होकर डेढ़ इंच रह गई। कई जगह तो यह घर नीचे हो गए हैं। वहीं, रोड ऊंचे हैं। सबसे ज्यादा समस्या फेज-5, 3बी2, सात और 11 में आती है।
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भाजपा पार्षद ने उठाया सवाल
वार्ड नंबर आठ के भाजपा पार्षद अशोक झा के मुताबिक प्रशासन को री कार्पेटिंग के टेंडर काल करने से पहले ही पैक टीम द्वारा दिए गए सुझावों पर गौर करना चाहिए था। उन्होंने कहा कि अब तक जो कार्य हुआ है, उसके अलावा प्रशासन को चाहिए कि अगली री-कारपेटिंग पैक द्वारा दिए गए सुझावों के तहत की करवाई जाए।
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जानकारी के मुताबिक, सोमवार दोपहर जैसे ही फेज-3बी2 में री-कारपेटिंग की खबर दुकानदारों तक पहुंची, तभी वह इकट्ठा हो गए। उन्होंने निगम के काम पर सवाल उठाना शुरू कर दिया। इसी बीच वह बीजेपी पार्षद के दफ्तर पहुंच गए। इसके बाद सूचना मिलते ही मौके पर निगम के कमिश्नर उमा शंकर गुप्ता अपने टेक्निकल स्टाफ को लेकर मौके पर पहुंचे। उन्होंने स्थिति का जायजा लिया। साथ ही लोगों को आश्वासन दिया कि आगे से नियमों को ध्यान में रखकर ही काम किया जाएगा। जिक्रयोग है कि गत वर्ष पूरे शहर में बारिश के बाद पानी भर गया था। डीसी ने आधी रात शहर का दौरा कर स्थिति का जायजा लिाय था। वहीं, खफा लोग अपने क्षेत्र के पार्षदों के साथ डीसी और निगम कमिश्नर से मिले थे। लोगों की समस्या सुनने के बाद डीसी और कमिश्नर ने मौके का जायजा लिया था। फिर निगम ने पैक की टीम से इस समस्या का हल करने के लिए सर्वे कराया गया था। सर्वे के बाद पैक की टीम ने जो सुझाव दिया था, उसके अनुसार मोहाली की सड़कों और मार्केट क्षेत्र की पुरानी री-कारपेटिंग को उखाड़ने के बाद री-कारपेटिंग की जाए।
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लेवल डेढ़ फुट से घटकर डेढ़ इंच रह गया
जानकारी के मुताबिक, जब 40 साल पहले शहर बसा था। उस समय सड़क से घर या शोरूम की ऊंचाई डेढ़ फुट थी। जो कि अब कम होकर डेढ़ इंच रह गई। कई जगह तो यह घर नीचे हो गए हैं। वहीं, रोड ऊंचे हैं। सबसे ज्यादा समस्या फेज-5, 3बी2, सात और 11 में आती है।
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भाजपा पार्षद ने उठाया सवाल
वार्ड नंबर आठ के भाजपा पार्षद अशोक झा के मुताबिक प्रशासन को री कार्पेटिंग के टेंडर काल करने से पहले ही पैक टीम द्वारा दिए गए सुझावों पर गौर करना चाहिए था। उन्होंने कहा कि अब तक जो कार्य हुआ है, उसके अलावा प्रशासन को चाहिए कि अगली री-कारपेटिंग पैक द्वारा दिए गए सुझावों के तहत की करवाई जाए।