{"_id":"9649","slug":"Mohali-9649-55","type":"story","status":"publish","title_hn":"दशमेश मेडिकेयर के घायल की मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दशमेश मेडिकेयर के घायल की मौत
Mohali
Updated Sun, 06 May 2012 12:00 PM IST
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डेराबस्सी/चडीगढ़। लालड़ू के गांव बसौली स्थित दशमेश मेडिकेयर कंपनी में तीस अप्रैल को रियेक्टर फटने से हुए भीषण अग्निकांड में घायलों में से एक की शनिवार को चडीगढ़ के सेक्टर-34 स्थित इंसकॉल अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। डॉक्टरों के मुताबिक 40 फीसदी से अधिक झुलस चुके मेंटेनेंस फिटर कपिल की कार्डियक अरेस्ट से मौत हुई है। अस्पताल में उक्त घटना के तीन घायल कर्मियों का अभी भी इलाज चल रहा है। इसके साथ ही अग्निकांड में मृतकों की संख्या पांच हो गई है। मृतक के परिजनों ने कंपनी प्रबंधकों, अस्पताल के डाक्टरों व पुलिस पर मिली भगत जैसे आरोप लगाए हैं।
मूल रूप से यूपी के सहारनपुर निवासी शामलाल के 35 वर्षीय पुत्र कपिल ने अपने पीछे पत्नी एवं दो बच्चों को छोड़ा है। कपिल की मौत पर परिवार व मौहल्ले में शोक है। डेराबस्सी के वार्ड नंबर दो में रह रहे मृतक कपिल के परिजनों ने आरोप लगाते हुए कहा है कि मृतक एकमात्र चश्मदीद गवाह था, जो हादसे के बारे में जानता था। मृतक की पत्नी रजनी, भाई अरुण, विनय एवं पिता शामलाल ने आरोप लगाया है कि जानबूझ कर कपिल को चंडीगढ़ के निजी अस्पताल में दाखिल कराया गया, ताकि वह किसी से मिल न सके। जब वह हादसे में जख्मी हुआ था, तो बिल्कुल ठीक था। लेकिन पुलिस ने उसका कोई बयान नहीं लिया। कई बार अस्पताल में हंडेसरा थाना प्रभारी आए, लेकिन कोई न कोई बहाना बना कर वह नीचे से वापस चले जाते थे। अस्पताल के डाक्टर उनकी एक बात नहीं सुनते थे। कंपनी के व्यक्ति हर समय वहीं रहते थे। जब वह हादसे के बारे में कोई बात करते तो वह उसको रोक देते थे।
मृतक की पत्नी रजनी ने कहा कि उसके पति कंपनी में पिछले लंबे समय से समस्या के बारे में बता रहे थे। उसने पति के मौत व पूरे मामले की नये सिरे से जांच की मांग की है। कहा जांच में उनके आरोपों को शामिल किया जाए। परिजनों ने बताया कि शनिवार को मौत के बाद कोई भी कंपनी प्रबंधक मौके पर नहीं पहुंचा। इसके अलावा कंपनी प्रबंधकों की ओर से मृतक की पत्नी रजनी को मीडिया के सामने कोई भी बयान देने से मना कर दिया।
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हंडेसरा थाना प्रभारी शिंदर पाल ने बताया कि अस्पताल के डाक्टरों की ओर से उसको अनफिट घोषित किया गया था, जिस कारण उसका बयान नहीं लिया जा सका। उन्होंने पुलिस की मिली भगत होने के आरोपों को सिरे से नकार दिया। कंपनी के जीएम एक चौबे ने बताया कि उसकी हालत खराब थी, जिस कारण उसकी उपचारधीन मौत हुई है। उन्होंने कहा कि कंपनी प्रबंधक पूरी तरह से परिजनों के साथ खड़े हैं।
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लालडू फैक्ट्री विस्फोट में घायल कर्मी की मौत
सेक्टर-34 के अस्पताल में चल रहा था इलाज
परिजनों ने डॉक्टरों पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। लालडू के पास बसौली की एक केमिकल फैक्ट्री में 30 अप्रैल को हुए विस्फोट में घायल 15 कर्मियों में से एक की शनिवार को सेक्टर-34 स्थित इंसकॉल अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। जख्मी कपिल की मौत के लिए परिजनों ने अस्पताल के डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाया। वहीं, डॉक्टरों के मुताबिक 40 फीसदी से अधिक झुलस चुके मेंटेनेंस फिटर कपिल की कार्डियक अरेस्ट से मौत हुई है। इसके अलावा अस्पताल में उक्त घटना के तीन घायल कर्मियों का अभी भी इलाज चल रहा है।
30 अप्रैल की सुबह लालडू के गांव बसौली स्थित दशमेश मेडिकेयर में विस्फोट के बाद आग लग गई थी। इस घटना में 15 कर्मी झुलस गए थे, जिन्हें अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया था। इंसकॉल में डेराबस्सी निवासी कपिल के अलावा तीन अन्य का भी इलाज चल रहा है। कपिल के भाई आकाश ने बताया कि इस अस्पताल में भर्ती अन्य कर्मियों से कपिल की हालत बेहतर थी। बावजूद इसके डॉक्टर उन्हें बचाने में नाकामयाब रहे। कर्मी का इलाज कर रहे डॉक्टर एनपी सिंह और केबी अनेजा ने कहा कि कार्डियक अरेस्ट के कारण कपिल की मौत हो गई। उन्होंने कहा कि मरीज के शरीर के कई अंग प्रभावित हो गए थे।
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लालडू 5 मई- सुरिंदर बाछल
लालडू के नजदीक गांव बसौली में स्थित कैमिकल फैक्ट्री दशमेश मेडिकेयर में हुये भीष्ण अगिभनकांड में जख्मी हुये एक वर्कर की आज अस्पताल में मौत हो गई जिसके चलते अब इस अगिभनकांड में मरनें वालों की संख्या बढकर 5 हो गई है ।गौरतलब है कि उक्त फैक्ट्री के चार वर्करों की हादसे वाले दिन ही मौके पर मौत हो गई थी ।चण्डीगढ़ के इंस्कॉल अस्पताल में उपचाराधीन कपिल (35) पुत्र शामलाल निवासी मीरकोट ,सहारनपुर यूपी की भी आज मौत हो गई है ।थाना प्रभारी हंडेसरा सिंदरपाल सिंह भूल्लर नें बताया कि मृतक के शव को पोस्टमार्टम उपरांत वारिसों के हवाले कर दिया गया है ।
फोटो कैपशन-मृतक की फाईल फोटो
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मूल रूप से यूपी के सहारनपुर निवासी शामलाल के 35 वर्षीय पुत्र कपिल ने अपने पीछे पत्नी एवं दो बच्चों को छोड़ा है। कपिल की मौत पर परिवार व मौहल्ले में शोक है। डेराबस्सी के वार्ड नंबर दो में रह रहे मृतक कपिल के परिजनों ने आरोप लगाते हुए कहा है कि मृतक एकमात्र चश्मदीद गवाह था, जो हादसे के बारे में जानता था। मृतक की पत्नी रजनी, भाई अरुण, विनय एवं पिता शामलाल ने आरोप लगाया है कि जानबूझ कर कपिल को चंडीगढ़ के निजी अस्पताल में दाखिल कराया गया, ताकि वह किसी से मिल न सके। जब वह हादसे में जख्मी हुआ था, तो बिल्कुल ठीक था। लेकिन पुलिस ने उसका कोई बयान नहीं लिया। कई बार अस्पताल में हंडेसरा थाना प्रभारी आए, लेकिन कोई न कोई बहाना बना कर वह नीचे से वापस चले जाते थे। अस्पताल के डाक्टर उनकी एक बात नहीं सुनते थे। कंपनी के व्यक्ति हर समय वहीं रहते थे। जब वह हादसे के बारे में कोई बात करते तो वह उसको रोक देते थे।
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मृतक की पत्नी रजनी ने कहा कि उसके पति कंपनी में पिछले लंबे समय से समस्या के बारे में बता रहे थे। उसने पति के मौत व पूरे मामले की नये सिरे से जांच की मांग की है। कहा जांच में उनके आरोपों को शामिल किया जाए। परिजनों ने बताया कि शनिवार को मौत के बाद कोई भी कंपनी प्रबंधक मौके पर नहीं पहुंचा। इसके अलावा कंपनी प्रबंधकों की ओर से मृतक की पत्नी रजनी को मीडिया के सामने कोई भी बयान देने से मना कर दिया।
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हंडेसरा थाना प्रभारी शिंदर पाल ने बताया कि अस्पताल के डाक्टरों की ओर से उसको अनफिट घोषित किया गया था, जिस कारण उसका बयान नहीं लिया जा सका। उन्होंने पुलिस की मिली भगत होने के आरोपों को सिरे से नकार दिया। कंपनी के जीएम एक चौबे ने बताया कि उसकी हालत खराब थी, जिस कारण उसकी उपचारधीन मौत हुई है। उन्होंने कहा कि कंपनी प्रबंधक पूरी तरह से परिजनों के साथ खड़े हैं।
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लालडू फैक्ट्री विस्फोट में घायल कर्मी की मौत
सेक्टर-34 के अस्पताल में चल रहा था इलाज
परिजनों ने डॉक्टरों पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। लालडू के पास बसौली की एक केमिकल फैक्ट्री में 30 अप्रैल को हुए विस्फोट में घायल 15 कर्मियों में से एक की शनिवार को सेक्टर-34 स्थित इंसकॉल अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। जख्मी कपिल की मौत के लिए परिजनों ने अस्पताल के डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाया। वहीं, डॉक्टरों के मुताबिक 40 फीसदी से अधिक झुलस चुके मेंटेनेंस फिटर कपिल की कार्डियक अरेस्ट से मौत हुई है। इसके अलावा अस्पताल में उक्त घटना के तीन घायल कर्मियों का अभी भी इलाज चल रहा है।
30 अप्रैल की सुबह लालडू के गांव बसौली स्थित दशमेश मेडिकेयर में विस्फोट के बाद आग लग गई थी। इस घटना में 15 कर्मी झुलस गए थे, जिन्हें अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया था। इंसकॉल में डेराबस्सी निवासी कपिल के अलावा तीन अन्य का भी इलाज चल रहा है। कपिल के भाई आकाश ने बताया कि इस अस्पताल में भर्ती अन्य कर्मियों से कपिल की हालत बेहतर थी। बावजूद इसके डॉक्टर उन्हें बचाने में नाकामयाब रहे। कर्मी का इलाज कर रहे डॉक्टर एनपी सिंह और केबी अनेजा ने कहा कि कार्डियक अरेस्ट के कारण कपिल की मौत हो गई। उन्होंने कहा कि मरीज के शरीर के कई अंग प्रभावित हो गए थे।
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लालडू 5 मई- सुरिंदर बाछल
लालडू के नजदीक गांव बसौली में स्थित कैमिकल फैक्ट्री दशमेश मेडिकेयर में हुये भीष्ण अगिभनकांड में जख्मी हुये एक वर्कर की आज अस्पताल में मौत हो गई जिसके चलते अब इस अगिभनकांड में मरनें वालों की संख्या बढकर 5 हो गई है ।गौरतलब है कि उक्त फैक्ट्री के चार वर्करों की हादसे वाले दिन ही मौके पर मौत हो गई थी ।चण्डीगढ़ के इंस्कॉल अस्पताल में उपचाराधीन कपिल (35) पुत्र शामलाल निवासी मीरकोट ,सहारनपुर यूपी की भी आज मौत हो गई है ।थाना प्रभारी हंडेसरा सिंदरपाल सिंह भूल्लर नें बताया कि मृतक के शव को पोस्टमार्टम उपरांत वारिसों के हवाले कर दिया गया है ।
फोटो कैपशन-मृतक की फाईल फोटो