{"_id":"62800bb22dd7fa063626cbae","slug":"50-huts-ashes-in-vilalge-sundara-alive-girl-burnt-mohali-news-pkl450648137","type":"story","status":"publish","title_hn":"सुंडरा में 50 झोंपड़ियां राख, बच्ची जिंदा जली","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सुंडरा में 50 झोंपड़ियां राख, बच्ची जिंदा जली
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डेराबस्सी। गांव सुंडरा में शनिवार को खेतों में लगी आग ने पास स्थित 50 झुग्गियों को चपेट में ले लिया। आग इतनी भयंकर थी कि इसमें डेढ़ साल की बच्ची जिंदा जल गई। वहीं एक और तीन साल की बच्ची भी झुलस गई। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आग की सूचना के बाद पंचकूला, रामगढ़ और डेराबस्सी से दमकल विभाग की गाड़ियां पहुंचीं। उन्होंने करीब तीन घंटे में आग पर काबू पाया।
गांव के एक व्यक्ति ने खेत में नाड़ को आग लगाई थी जिसकी लपटों ने झुग्गियों को अपनी चपेट में ले लिया। आग में जली डेढ़ साल की बच्ची रूपाली के पिता रामबीर और मां चांदनी दोनों काम पर गए हुए थे। आग में अपना घर खोने के बाद लोगों को चिंता थी कि वे अब कहां रहेंगे। दमकल अधिकारी बलजीत सिंह ने बताया कि खेतों में नाड़ को लगी आग की लपटों से सारी झुग्गियां जल गईं। सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंचकर दमकल की आठ गाड़ियों ने आग पर काबू पा लिया।
राख में सामान ढूंढते नजर आए लोग
आग लगने के बाद बेघर हुए लोगों के चेहरे पर दुख साफ दिखाई दे रहा था। वे काफी देर तक राख में अपना सामान ढूंढते नजर आए। मौके पर मौजूद लोग पृथ्वी कुमार, सूरज, रामब्रिज, पप्पू, गोलू, गोविंद आदि ने बताया कि आग में उनकी झुग्गियों में रखी नकदी व कीमती सामान जल गया।
विज्ञापन
पंचकूला से आई दमकल व एंबुलेंस की गाड़ियां
पंचकूला पुलिस की डायल 112 पर तैनात स्टाफ सूचना पर मौके पर पहुंचा और आग में फंसे लोगों को बचाया। पंचकूला फायर ब्रिगेड की तीन गाड़ियां व एंबुलेंस की चार गाड़ियां पहुंचीं। वहीं एंबुलेंस में घायल बच्ची को सेक्टर-6 स्थित सामान्य अस्पताल पहुंचाया। वहां जांच के बाद डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया।
विज्ञापन
गांव के एक व्यक्ति ने खेत में नाड़ को आग लगाई थी जिसकी लपटों ने झुग्गियों को अपनी चपेट में ले लिया। आग में जली डेढ़ साल की बच्ची रूपाली के पिता रामबीर और मां चांदनी दोनों काम पर गए हुए थे। आग में अपना घर खोने के बाद लोगों को चिंता थी कि वे अब कहां रहेंगे। दमकल अधिकारी बलजीत सिंह ने बताया कि खेतों में नाड़ को लगी आग की लपटों से सारी झुग्गियां जल गईं। सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंचकर दमकल की आठ गाड़ियों ने आग पर काबू पा लिया।
विज्ञापन
राख में सामान ढूंढते नजर आए लोग
आग लगने के बाद बेघर हुए लोगों के चेहरे पर दुख साफ दिखाई दे रहा था। वे काफी देर तक राख में अपना सामान ढूंढते नजर आए। मौके पर मौजूद लोग पृथ्वी कुमार, सूरज, रामब्रिज, पप्पू, गोलू, गोविंद आदि ने बताया कि आग में उनकी झुग्गियों में रखी नकदी व कीमती सामान जल गया।
विज्ञापन
पंचकूला से आई दमकल व एंबुलेंस की गाड़ियां
पंचकूला पुलिस की डायल 112 पर तैनात स्टाफ सूचना पर मौके पर पहुंचा और आग में फंसे लोगों को बचाया। पंचकूला फायर ब्रिगेड की तीन गाड़ियां व एंबुलेंस की चार गाड़ियां पहुंचीं। वहीं एंबुलेंस में घायल बच्ची को सेक्टर-6 स्थित सामान्य अस्पताल पहुंचाया। वहां जांच के बाद डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया।