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मुंहखुर की बीमारी से सौ से ज्यादा पशुओं की मौत
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मुंह-खुर की बीमारी से 138 पशुओं की मौत
इंडस्ट्रियल एरिया फेज-1 में नगर निगम की गोशाला में फैली बीमारी
डिप्टी मेयर ने गोशाला प्रबंधकों से रिकॉर्ड तलब किया
अमर उजाला ब्यूरो
मोहाली। इंडस्ट्रियल एरिया फेज-1 में स्थित गोशाला में मुंह और खुर की बीमारी फैलने का मामला सामने आया है। बीमारी की वजह से फरवरी में 138 पशुओं की मौत हो गई है। हालांकि शेष सभी पशुओं का तय समय से इलाज होने से जान बच गई। वहीं अब इस मामले में डिप्टी मेयर मनजीत सिंह सेठी ने गोशाला से रिकॉर्ड तलब किया है। साथ ही मामले की पड़ताल करने का फैसला लिया है। दूसरी तरफ गोशाला प्रबंधकों ने कहा कि मुंह और खुर की बीमारी पशुओं की मौत की वजह है। इसके अलावा हादसों में घायल पशु भी मरे हैं। वह नगर निगम को अपना रिकॉर्ड पेश कर चुके हैं।
नगर निगम की गोशाला में रखरखाव का काम गौरी शंकर सेवा दल नामक संस्था को दिया हुआ है। संस्था यहां पशुओं को खुराक देती और इलाज करती है। हालांकि निगम द्वारा गोशाला में क्षमता से दोगुने पशु रखे गए हैं। कई बार गोशाला वाले इस मामले में गिनम अधिकारियों को कह चुके हैं। हाउस की मीटिंग में भी यह मुद्दा उठ चुका है लेकिन अभी तक यह पशु शिफ्ट नहीं किए गए। संस्था के प्रबंधक प्रदीप शर्मा ने बताया कि गोशाला में आम तौर पर इतने पशुओं की मौत नहीं होती जितनी फरवरी में हुई है। उन्होंने बताया कि निगम की ओर से जो पशु पकड़कर गोशाला में लाए जा रहे हैं वह ज्यादातर बीमार थे। मुंह और खुर की बीमारी फैलने से भी पशुओं की मौत हुई है। उन्होंने यह बात नगर निगम के अधिकारियों के ध्यान में भी लाई थी। इसके अलावा कुछ जानवर प्लास्टिक के कैरीबैग खा लेते थे जिससे भी उनकी मौत हो जाती है।
डिप्टी मेयर ने आरोप लगाए
डिप्टी मेयर मनजीत सिंह सेठी कहते हैं कि इस संस्था की तरफ से अपनी जिम्मेदारी को ठीक ढंग के साथ नहीं निभाया जा रहा है जिस कारण इतनी बड़ी संख्या में पशुओं की मौत हुई है। उन्होंने बताया कि महीने में हुई मौतों के आंकड़े मिल गए हैं जिसके तहत जुलाई 2017 से अब तक गोशाला में 581 की मौत हो चुकी है। उन्होंने संदेह जाहिर किया है कि कहीं पशुओं को मरा दिखाकर उनको बाहर तो नहीं बेचा जा रहा। उन्होंने बताया कि उनके द्वारा गोशाला को पूरा रिकार्ड मंगवाकर चेक किया जा रहा है।
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इंडस्ट्रियल एरिया फेज-1 में नगर निगम की गोशाला में फैली बीमारी
डिप्टी मेयर ने गोशाला प्रबंधकों से रिकॉर्ड तलब किया
अमर उजाला ब्यूरो
मोहाली। इंडस्ट्रियल एरिया फेज-1 में स्थित गोशाला में मुंह और खुर की बीमारी फैलने का मामला सामने आया है। बीमारी की वजह से फरवरी में 138 पशुओं की मौत हो गई है। हालांकि शेष सभी पशुओं का तय समय से इलाज होने से जान बच गई। वहीं अब इस मामले में डिप्टी मेयर मनजीत सिंह सेठी ने गोशाला से रिकॉर्ड तलब किया है। साथ ही मामले की पड़ताल करने का फैसला लिया है। दूसरी तरफ गोशाला प्रबंधकों ने कहा कि मुंह और खुर की बीमारी पशुओं की मौत की वजह है। इसके अलावा हादसों में घायल पशु भी मरे हैं। वह नगर निगम को अपना रिकॉर्ड पेश कर चुके हैं।
नगर निगम की गोशाला में रखरखाव का काम गौरी शंकर सेवा दल नामक संस्था को दिया हुआ है। संस्था यहां पशुओं को खुराक देती और इलाज करती है। हालांकि निगम द्वारा गोशाला में क्षमता से दोगुने पशु रखे गए हैं। कई बार गोशाला वाले इस मामले में गिनम अधिकारियों को कह चुके हैं। हाउस की मीटिंग में भी यह मुद्दा उठ चुका है लेकिन अभी तक यह पशु शिफ्ट नहीं किए गए। संस्था के प्रबंधक प्रदीप शर्मा ने बताया कि गोशाला में आम तौर पर इतने पशुओं की मौत नहीं होती जितनी फरवरी में हुई है। उन्होंने बताया कि निगम की ओर से जो पशु पकड़कर गोशाला में लाए जा रहे हैं वह ज्यादातर बीमार थे। मुंह और खुर की बीमारी फैलने से भी पशुओं की मौत हुई है। उन्होंने यह बात नगर निगम के अधिकारियों के ध्यान में भी लाई थी। इसके अलावा कुछ जानवर प्लास्टिक के कैरीबैग खा लेते थे जिससे भी उनकी मौत हो जाती है।
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डिप्टी मेयर ने आरोप लगाए
डिप्टी मेयर मनजीत सिंह सेठी कहते हैं कि इस संस्था की तरफ से अपनी जिम्मेदारी को ठीक ढंग के साथ नहीं निभाया जा रहा है जिस कारण इतनी बड़ी संख्या में पशुओं की मौत हुई है। उन्होंने बताया कि महीने में हुई मौतों के आंकड़े मिल गए हैं जिसके तहत जुलाई 2017 से अब तक गोशाला में 581 की मौत हो चुकी है। उन्होंने संदेह जाहिर किया है कि कहीं पशुओं को मरा दिखाकर उनको बाहर तो नहीं बेचा जा रहा। उन्होंने बताया कि उनके द्वारा गोशाला को पूरा रिकार्ड मंगवाकर चेक किया जा रहा है।
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