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Jalandhar News: दुष्कर्म पीड़ित बच्ची की मां को अकेले बुलाने पर आयोग ने एसएसपी विर्क को जारी किया नोटिस

Fri, 10 Oct 2025 08:33 PM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Fri, 10 Oct 2025 08:33 PM IST
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The Commission issued a notice to SSP Virk for calling the mother of the rape victim alone.
अमर उजाला ब्यूरो
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जालंधर। फिल्लौर थाने के एसएचओ भूषण कुमार की ओर से दुष्कर्म पीड़िता की मां को अकेले बुलाने के मामले में महिला आयोग ने एसएसपी हरविंदर सिंह विर्क को नोटिस जारी किया है। एसएचओ भूषण कुमार को अभी लाइन हाजिर किया है। उसके खिलाफ कोई आपराधिक केस या सस्पेंड नहीं किया गया है।
आयोग ने कहा कि पीड़िता के मामले में फिल्लौर के एसएचओ भूषण कुमार ने कार्रवाई करने के बजाय पीड़िता और उसकी मां के साथ गलत हरकतें कीं। सोशल मीडिया पर इसका एक वीडियो सामने आया है। इस वीडियो के बाद पंजाब राज्य महिला आयोग ने संज्ञान लिया। नोटिस में कहा है कि पंजाब राज्य महिला आयोग अधिनियम 2001 की धारा-12 के तहत अपनी शक्तियों का प्रयोग किया है।
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महिला ने बताया कि 23 अगस्त की रात पति और बेटा छत पर सो रहे थे जबकि दोनों बेटियां नीचे सो रही थीं। इस दौरान आरोपी रोशन कुमार (19) ने उनकी 14 वर्षीय बेटी के साथ दुष्कर्म किया। लड़की की मां ने बताया कि जब वे बेटी को इलाज के लिए सिविल अस्पताल फिल्लौर पहुंचे तो डॉक्टरों ने कहा कि पहले पुलिस केस दर्ज करवाना होगा। पुलिस रिपोर्ट के बाद ही मेडिकल जांच होगी। लड़की की मां के अनुसार इसके बाद वे फिल्लौर थाने पहुंचे। थाना प्रभारी भूषण कुमार ने कहा कि दुष्कर्म नहीं हुआ है। इसके बाद पुलिस ने मेडिकल कराने से मना कर दिया। फिर दूसरे दिन हम थाने पहुंचे जहां उन्होंने फिर कहा कि मुझे नहीं लगता कि तेरी बेटी के साथ दुष्कर्म हुआ है।
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यह है नियम
सुप्रीम कोर्ट के नियमानुसार नाबालिग लड़की के साथ शारीरिक संबंध बनाने पर तत्काल दुष्कर्म का मामला दर्ज किया जाना चाहिए था लेकिन अगस्त माह से लेकर अक्तूबर तक कोई केस दर्ज नहीं किया गया। सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की अवहेलना की गई। महिला का कहना है कि 5 अक्तूबर को एसएचओ ने खुद ही उनके बयान लिख दिए। इसके बाद मुझे साइन करने के लिए कहा गया। फिर पुलिस ने मामला दर्ज किया लेकिन बेटी का मेडिकल नहीं करवाया। एसएचओ लड़की की मां को अकेले बुलाने लगा जिसकी ऑडियो रिकॉर्डिंग वायरल हो गई।
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