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पंजाब में स्वाइन फ्लू से पहली माैत: जालंधर के 85 वर्षीय संदिग्ध ने दम तोड़ा, ऑडिट के बाद तय होगा मौत का कारण
Mon, 07 Sep 2026 08:29 AM IST
Nivedita
संवाद न्यूज एजेंसी, जालंधर
संवाद न्यूज एजेंसी, जालंधर
Published by: Nivedita
Updated Mon, 07 Sep 2026 08:29 AM IST
सार
जमशेर खास के ताजपुर निवासी मूल राज को सांस लेने में तकलीफ के बाद सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उन्हें पहले से सीओपीडी समेत कई बीमारियां थीं।
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swine flu
- फोटो : AI
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विस्तार
पंजाब में स्वाइन फ्लू के मामलों में बढ़ोतरी के बीच जालंधर में बीमारी से सीजन की पहली मौत हुई है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार जालंधर में अब तक 10 मरीजों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। विभाग ने कहा कि 85 वर्षीय मरीज की मौत का वास्तविक कारण अभी तय नहीं है। स्वास्थ्य ऑडिट के बाद अंतिम निष्कर्ष सामने आएगा।
जमशेर खास के ताजपुर निवासी मूल राज को सांस लेने में तकलीफ के बाद सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उन्हें पहले से सीओपीडी समेत कई बीमारियां थीं। दो सितंबर को जीएमसी अमृतसर में उनका एच1एन1 टेस्ट पॉजिटिव आया था। इलाज के दौरान शुक्रवार को उनकी मौत हो गई।
स्वास्थ्य अधिकारियों के मुताबिक मरीज की रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर थी और वे कई सह-रुग्णताओं से भी जूझ रहे थे। ऐसे में केवल एच1एन1 को मौत का कारण मानना उचित नहीं होगा। स्वास्थ्य मंत्री के मुताबिक भी मौत स्वाइन फ्लू से होने की संभावना कम है।
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अगस्त से प्रदेश में मामले बढ़े हैं। विभाग ने निगरानी और जांच व्यवस्था मजबूत करते हुए अस्पतालों में फ्लू कॉर्नर और आइसोलेशन यूनिट बनाए हैं। विभाग ने लोगों से लक्षण दिखने पर समय पर इलाज लेने की अपील की है।
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जमशेर खास के ताजपुर निवासी मूल राज को सांस लेने में तकलीफ के बाद सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उन्हें पहले से सीओपीडी समेत कई बीमारियां थीं। दो सितंबर को जीएमसी अमृतसर में उनका एच1एन1 टेस्ट पॉजिटिव आया था। इलाज के दौरान शुक्रवार को उनकी मौत हो गई।
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स्वास्थ्य अधिकारियों के मुताबिक मरीज की रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर थी और वे कई सह-रुग्णताओं से भी जूझ रहे थे। ऐसे में केवल एच1एन1 को मौत का कारण मानना उचित नहीं होगा। स्वास्थ्य मंत्री के मुताबिक भी मौत स्वाइन फ्लू से होने की संभावना कम है।
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अगस्त से प्रदेश में मामले बढ़े हैं। विभाग ने निगरानी और जांच व्यवस्था मजबूत करते हुए अस्पतालों में फ्लू कॉर्नर और आइसोलेशन यूनिट बनाए हैं। विभाग ने लोगों से लक्षण दिखने पर समय पर इलाज लेने की अपील की है।