पंजाब: अपनी ही बेटी को घरवालों ने मार डाला, सीएम सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मी, मां समेत तीन गिरफ्तार
गांव सौली में 26 अप्रैल को रात के दो बजे युवती का शव जलाने के मामले में गढ़शंकर पुलिस ने युवती की मां, चाचा, दो चचेरे भाइयों सहित एक अन्य युवक के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इस मामले में मृतका की मां, उसके चाचा व एक चचेरे भाई को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक अन्य चचेरा भाई व उसका दोस्त फरार है।
गिरफ्तार चचेरा भाई गुरदीप पुलिसकर्मी है और मुख्यमंत्री की सुरक्षा में चंडीगढ़ में तैनात है। पूछताछ में परिवार वालों ने दावा किया था कि लड़की की मौत हार्ट अटैक से हुई है और कोरोना के कारण सुबह जल्दी संस्कार कर दिया।
गांव सौली की बलविंदर कौर पत्नी स्वर्गीय गुरदियाल सिंह ने 22 अप्रैल को पुलिस थाने में शिकायत दी थी कि उसकी 19 वर्षीय लड़की जसप्रीत कौर बिना बताए कहीं चली गई। जसप्रीत कौर के जाने के पीछे परिवार को गांव भज्जलां के अमनप्रीत सिंह उर्फ अमन पुत्र जुझार सिंह पर शक है।
23 अप्रैल को बलविंदर कौर ने पुलिस को लिखित रूप से सूचित किया कि उसकी लड़की जसप्रीत कौर गढ़शंकर रेलवे स्टेशन के पास से मिल गई और अब घर पहुंच गई है। लेकिन इस घटनाक्रम से जसप्रीत कौर की मां बलविंदर कौर, चाचा सतदेव पुत्र मेहर चंद, चचेरा भाई शिवराज उर्फ मनी पुत्र सतदेव, गुरदीप पुत्र बलवंत निवासी सौली व लाल पुत्र महिंद्र निवासी बीरमपुर खफा थे।
लिहाजा 25 और 26 अप्रैल की रात मां बलविंदर कौर ने शिवराज उर्फ मनी व लाला के साथ मिलकर जसप्रीत कौर को नींद की गोलियां दे दीं। जब जसप्रीत सो गई तो उसका गला घोंट कर उसे मार दिया। इसके बाद रात दो बजे उन्होंने चाचा सतदेव व चचेरे भाई गुरदीप के साथ मिलकर जसप्रीत कौर के शव को जलाकर सबूत मिटाने की कोशिश की।
इसकी सूचना किसी व्यक्ति ने पुलिस को दी तो एसएचओ इकबाल सिंह ने मौके पर पहुंचकर पूरी जांच की और जसप्रीत कौर की मां बलविंदर कौर, चाचा सतदेव, चचेरे भाई गुरदीप, शिवराज उर्फ मनी तथा मनी के दोस्त लाला के खिलाफ धारा 302, 201 व 120 बी तहत केस दर्ज किया।
एसएचओ इकबाल सिंह ने कहा कि परिजनों ने पहले तो लड़के के खिलाफ जसप्रीत कौर को भगाने के आरोप में शिकायत दी थी, लेकिन अगले ही दिन लड़की के घर वाले खुद लिखकर दे गए कि लड़की रेलवे स्टेशन से मिल गई है और वह कोई कार्रवाई नहीं करवाना चाहते। लड़की के घर से जाने और बाद में उसके वापस आने के बाद से परिवार वाले उससे खफा थे।
आरोपियों ने प्राथमिक पूछताछ में माना है कि उन्होंने इज्जत की खातिर लड़की की हत्या की है। आरोपियों का मानना था कि जसप्रीत के घर से जाने से उनकी बेइज्जती हुई है, इसके चलते उन्होंने लड़की की हत्या की है। जसप्रीत कौर की हत्या के मामले में लड़की मां बलविंदर कौर, चाचा सतदेव, चचेरे भाई गुरदीप को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि लड़की अन्य चचेरा भाई शिवराज उर्फ मनी व उसका दोस्त लाला फरार है। आरोपियों ने लड़की हत्या कर शव को जलाकर सबूत मिटाने की कोशिश की बात कबूली है। इकबाल सिंह, एसएचओ।