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किसानों ने गाड़े तंबू, संघर्ष तेज करने की चेतावनी, लोगों की परेशानी देख प्रशासन ने बनाया रूट प्लान
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गन्ने के समर्थन मूल्य बढ़ाने की मांग को लेकर किसानों के चल रहे प्रदर्शन के चलते रविवार को राखी के दिन लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। जगह-जगह हुए प्रदर्शनों के कारण शहर व शहर के बाहर का यातायात भी काफी अवरुद्ध रहा। लोगों को ज्यादा परेशानी न हो इसके लिए प्रशासन ने पहले ही रूट प्लान तैयार कर लिया था। लेकिन लोगों को इन रूट प्लान की ज्यादा जानकारी न होने के कारण जाम से जूझना पड़ा। वहीं किसानों ने धरना स्थल पर तंबू गाड़कर संघर्ष को और तेज करने की चेतावनी दे दी है। संघर्ष तेज करने के लिए किसानों ने रेलवे ट्रैक के पास करीब एक दर्जन अस्थायी शौचालय तक तैयार करवा लिए हैं। नेशनल हाईवे पर धरना स्थल पर पंडाल में बड़े पंखे व कूलर लगाए गए हैं। बरसात से बचाव के लिए मंच को वाटर प्रूफ तिरपाल से कवर किया गया है। कुछ ट्रालियों पर तिरपाल डालकर सोने की व्यवस्था की गई है। भारतीय किसान यूनियन (दोआबा) के प्रधान मनजीत सिंह राय ने कहा कि धरना स्थल अब किसानों का दूसरा घर बन गया है। अब जब तक सरकार उनकी मांगे नहीं मानती, किसान यहां से नहीं हटेंगे।
रोडवेज ने बस सेवा की बहाल
किसानों व सहकारिता मंत्री खुखजिंदर सरकारिया के बीच वार्ता विफल होने के बाद किसानों ने धरना आगे जारी रखने का फैसला किया है। वार्ता के विफल होने से लोगों को आने वाले दिनों में भी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। फिलहाल रविवार को पंजाब रोडवेज ने कई रूटों पर बस सेवा बहाल कर दी है। जालंधर से पठानकोट, जालंधर से होशियारपुर, जालंधर से अमृतसर व तरनतारन व जालंधर से बटाला के लिए बस सर्विस शुरू हो चुकी है।
रेलवे ने की 48 ट्रेनें रद्द, बस में रहेगी भारी भीड़
किसानों के धरने के चलते रेलवे ने सोमवार शाम 4 बजे तक अपनी 48 ट्रेनें रद्द कर दी हैं। इन ट्रेनों के रद्द होने के कारण सोमवार को बस स्टैंड पर भारी भीड़ देखने को मिल सकती है। ट्रेन में सफर करने वाले लोग अब बसों की तरफ अपना रुख करेंगे। बता दें कि शनिवार व रविवार को बसों में इतनी भीड़ थी कि बस वालों को यात्रियों को स्टूल लगाकर बिठाना पड़ा था।
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चंडीगढ़ के यात्रियों के लिए बनाया रूट प्लान
जिला प्रशासन के रूट प्लान के तहत जिन लोगों ने चंडीगढ़ से अमृतसर जाना था, उनके लिए फगवाड़ा के होशियारपुर रोड से होकर फिर उसके बाद आदमपुर व जालंधर होकर जाने के लिए कहा गया था। इसके साथ ही जिन लोगों ने अमृतसर से चंडीगढ़ जाना था, उनके लिए जालंधर से आदमपुर, फिर फगवाड़ा के होशियारपुर रोड से चंडीगढ़ की तरफ जाने का रूट प्लान बनाया गया था। इसके अलावा अमृतसर व जालंधर से लुधियाना जाने वालों के लिए जंडियाला या फिर नकोदर से होकर जाने का प्लान बनाया गया था।
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रोडवेज ने बस सेवा की बहाल
किसानों व सहकारिता मंत्री खुखजिंदर सरकारिया के बीच वार्ता विफल होने के बाद किसानों ने धरना आगे जारी रखने का फैसला किया है। वार्ता के विफल होने से लोगों को आने वाले दिनों में भी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। फिलहाल रविवार को पंजाब रोडवेज ने कई रूटों पर बस सेवा बहाल कर दी है। जालंधर से पठानकोट, जालंधर से होशियारपुर, जालंधर से अमृतसर व तरनतारन व जालंधर से बटाला के लिए बस सर्विस शुरू हो चुकी है।
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रेलवे ने की 48 ट्रेनें रद्द, बस में रहेगी भारी भीड़
किसानों के धरने के चलते रेलवे ने सोमवार शाम 4 बजे तक अपनी 48 ट्रेनें रद्द कर दी हैं। इन ट्रेनों के रद्द होने के कारण सोमवार को बस स्टैंड पर भारी भीड़ देखने को मिल सकती है। ट्रेन में सफर करने वाले लोग अब बसों की तरफ अपना रुख करेंगे। बता दें कि शनिवार व रविवार को बसों में इतनी भीड़ थी कि बस वालों को यात्रियों को स्टूल लगाकर बिठाना पड़ा था।
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चंडीगढ़ के यात्रियों के लिए बनाया रूट प्लान
जिला प्रशासन के रूट प्लान के तहत जिन लोगों ने चंडीगढ़ से अमृतसर जाना था, उनके लिए फगवाड़ा के होशियारपुर रोड से होकर फिर उसके बाद आदमपुर व जालंधर होकर जाने के लिए कहा गया था। इसके साथ ही जिन लोगों ने अमृतसर से चंडीगढ़ जाना था, उनके लिए जालंधर से आदमपुर, फिर फगवाड़ा के होशियारपुर रोड से चंडीगढ़ की तरफ जाने का रूट प्लान बनाया गया था। इसके अलावा अमृतसर व जालंधर से लुधियाना जाने वालों के लिए जंडियाला या फिर नकोदर से होकर जाने का प्लान बनाया गया था।