{"_id":"57efa4814f1c1b9911573b04","slug":"farmer-suicide-poision-gadarbaha-punjab-news-muktsar","type":"story","status":"publish","title_hn":"किसान ने आढ़ती की दुकान पर निगला जहर, मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
किसान ने आढ़ती की दुकान पर निगला जहर, मौत
ब्यूरो,अमर उजाला/(गिद्दड़बाहा/मुक्तसर)
Updated Sat, 01 Oct 2016 05:26 PM IST
विज्ञापन
आत्महत्या
- फोटो : Getty
गांव छत्तेआना के एक किसान ने शुक्रवार दोपहर गिद्दड़बाहा की अनाज मंडी में एक आढ़ती की दुकान पर जहरीली गोलियां निगलकर खुदकुशी कर ली।
सूबा सिंह के अनुसार उसके पिता किसान बोघा सिंह (60) आढ़ती के कर्ज को लेकर परेशान चल रहे थे।
शुक्रवार दोपहर करीब एक बजे किसान बोघा सिंह आढ़ती मंगल सिंह की दुकान पर पहुंचा, उस समय आढ़ती वहां मौजूद नहीं था। इस दौरान ही बोघा सिंह ने जहरीली गोलियां निगल लीं, जिससे उसकी हालत गंभीर हो गई। सूचना मिलने पर परिवार के सदस्य उसे तुरंत बठिंडा के मैक्स हॉस्पिटल लेकर गए, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
सूबा सिंह ने बताया कि उन्होंने आढ़ती का कुछ कर्ज देना था, जिसे लेकर उसके पिता तनाव में चल रहे थे। आढ़ती मंगल सिंह का कहना है कि बोघा सिंह उसके सगे ताऊ का बेटा है। उसका बोघा सिंह से कोई लेन-देन नहीं था। बोघा सिंह के बेटे नैब सिंह से उसने जरूर एक लाख रुपये लेने हैं, मगर इस बारे में पंचायती तौर पर समझौता पहले ही हुआ है।
वैसे भी बोघा सिंह अपने घर पर रहने के बजाय गुरुद्वारा साहिब में ही रहता था और घरों से लंगर इकट्ठा करने का काम करता था। आढ़ती ने कहा कि उसे नहीं पता क्यों उसने उसकी दुकान पर आकर जान दे दी। घटना के समय वह दुकान पर भी मौजूद नहीं था। उधर, थाना गिद्दड़बाहा के प्रभारी कुलदीप चंद ने कहा कि मामले की जांच चल रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सूबा सिंह के अनुसार उसके पिता किसान बोघा सिंह (60) आढ़ती के कर्ज को लेकर परेशान चल रहे थे।
शुक्रवार दोपहर करीब एक बजे किसान बोघा सिंह आढ़ती मंगल सिंह की दुकान पर पहुंचा, उस समय आढ़ती वहां मौजूद नहीं था। इस दौरान ही बोघा सिंह ने जहरीली गोलियां निगल लीं, जिससे उसकी हालत गंभीर हो गई। सूचना मिलने पर परिवार के सदस्य उसे तुरंत बठिंडा के मैक्स हॉस्पिटल लेकर गए, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
सूबा सिंह ने बताया कि उन्होंने आढ़ती का कुछ कर्ज देना था, जिसे लेकर उसके पिता तनाव में चल रहे थे। आढ़ती मंगल सिंह का कहना है कि बोघा सिंह उसके सगे ताऊ का बेटा है। उसका बोघा सिंह से कोई लेन-देन नहीं था। बोघा सिंह के बेटे नैब सिंह से उसने जरूर एक लाख रुपये लेने हैं, मगर इस बारे में पंचायती तौर पर समझौता पहले ही हुआ है।
विज्ञापन
वैसे भी बोघा सिंह अपने घर पर रहने के बजाय गुरुद्वारा साहिब में ही रहता था और घरों से लंगर इकट्ठा करने का काम करता था। आढ़ती ने कहा कि उसे नहीं पता क्यों उसने उसकी दुकान पर आकर जान दे दी। घटना के समय वह दुकान पर भी मौजूद नहीं था। उधर, थाना गिद्दड़बाहा के प्रभारी कुलदीप चंद ने कहा कि मामले की जांच चल रही है।
विज्ञापन