मणप्पुरम गोल्ड लूट: जालंधर पुलिस ने बिहार के आरोपी को दिल्ली से दबोचा, फर्जी नंबर की बाइक से की थी वारदात
जालंधर पुलिस ने मणप्पुरम गोल्ड लूट मामले की गुत्थी सुलझा ली है। बिहार निवासी आरोपी को दिल्ली से धर दबोचा है। पुलिस का दावा है कि बाकी आरोपियों की पहचान हो चुकी है। इन्हें भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। आरोपियों ने फर्जी नंबर की बाइक का इस्तेमाल कर वारदात को अंजाम दिया था।
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जालंधर पुलिस ने मणप्पुरम गोल्ड लूट मामले की गुत्थी को सुलझाते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार लिया है। वारदात में शामिल तमाम आरोपियों की भी पहचान हो गई है। पुलिस ने बिहार के रहने वाले एक आरोपी को दिल्ली से गिरफ्तार किया है, जिसके बाद वारदात का खुलासा हो गया है।
आरोपी की पहचान प्रशांत निवासी बिहार के रुप में हुई, जिसने चचेरे भाइयों के साथ मिलकर लूट की वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस अधिकारी आरोपी से पूछताछ कर रहे हैं। प्राथमिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी लूट की वारदात को अंजाम देने के बाद गढ़शंकर में रुके थे।
स्थानीय पुलिस अधिकारी बिहार पुलिस से संपर्क साध रहे हैं ताकि फरार आरोपियों को गिरफ्तार किया जा सके। जिक्रयोग है कि 24 जुलाई को जालंधर में मणप्पुरम गोल्ड में छह लुटेरों ने लूट की वारदात को अंजाम देकर करीब ढाई करोड़ के गहने और नकदी लूट ली थी।
घटना को लेकर जालंधर पुलिस काफी समय से आरोपियों की तलाश में जुटी थी। पुलिस को बुधवार तब सफलता मिली, जब पुलिस ने प्रशांत को दिल्ली के रघुवीर नगर से काबू कर लिया। पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर का कहना है कि आरोपियों की तलाश की जा रही है। प्रशांत मूलरूप से बिहार के समस्तीपुर जिले के गांव बिलगाम का रहने वाला है।
पुलिस ने वारदात के लिए इस्तेमाल की गई फर्जी नंबर वाली बाइक भी बरामद कर ली है। कमिश्नर ने बताया कि प्रशांत कपूरथला के सुलतानपुर लोधी में राज मिस्त्री का काम करता था। प्रशांत ने वारदात को अंजाम देने के लिए बिहार से अपने चचेरे भाई दीपक को बुलाया, जो अपने साथियों के साथ तीन बाइक और कार लेकर आया था। इन लोगों के लिए किराए के मकान का बंदोबस्त भी प्रशांत ने ही किया था।
पुलिस की जांच में यह सामने आ रहा था कि आरोपी कपूरथला की तरफ गए हैं। पुलिस ने कपूरथला के आसपास के इलाकों में किराये में रहने वाले प्रवासी लोगों को लेकर जांच शुरू की तो सामने आया कि सुलतानपुर में कुछ लोग बाहरी इलाके से आकर ठहरे थे, जो वारदात के बाद कमरा खाली कर निकल गए।
पुलिस की तरफ से बारीकी से जांच शुरू हुई तो सामने आया कि कमरा प्रशांत ने किराए पर लेकर दिया था। प्रशांत भी घर छोड़कर परिवार समेत दिल्ली जा चुका था। पुलिस टीम पीछा करती हुई दिल्ली पहुंची, जहां रघुवीर नगर से प्रशांत को गिरफ्तार कर लिया गया।
जालंधर में मणप्पुरम गोल्ड में लुटेरों ने पेशेवर ढंग से वारदात को अंजाम दिया। पहले ग्राहक बनकर दो लुटेरे दफ्तर में घुसे और कर्मचारियों से बात करने लगे। इसके कुछ ही देर में उनके तीन और साथी दफ्तर के अंदर आ गए। उनका एक साथ दफ्तर के बाहर ही खड़ा रहा। इसके बाद लुटेरों ने दफ्तर में मौजूद तीन महिला और एक पुरुष कर्मचारी को बंधक बना लिया था।