{"_id":"6a6b61eee5e76267820369d2","slug":"mla-pargat-singh-expressed-objection-to-the-change-in-the-hockey-team-jersey-color-2026-07-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"हॉकी टीम की जर्सी हुई भगवा: भारतीय टीम के पूर्व कप्तान ने जताई कड़ी आपत्ति, केंद्र सरकार पर बोला हमला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हॉकी टीम की जर्सी हुई भगवा: भारतीय टीम के पूर्व कप्तान ने जताई कड़ी आपत्ति, केंद्र सरकार पर बोला हमला
Thu, 30 Jul 2026 08:08 PM IST
शाहिल शर्मा
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
Published by: शाहिल शर्मा
Updated Thu, 30 Jul 2026 08:08 PM IST
सार
विधायक परगट सिंह ने भारतीय हॉकी टीम की पारंपरिक नीली जर्सी के रंग में बदलाव पर कड़ी आपत्ति जताई है। उन्होंने केंद्र सरकार पर खेलों को राजनीति से जोड़ने का आरोप लगाया है।
विज्ञापन
परगट सिंह, कांग्रेस विधायक
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
भारतीय हॉकी के पूर्व कप्तान और ओलंपियन विधायक परगट सिंह ने भारतीय हॉकी टीम की पारंपरिक नीली जर्सी के रंग में बदलाव पर कड़ी आपत्ति जताई है। उन्होंने कहा, दशकों से भारतीय हॉकी टीम नीले रंग की जर्सी पहनती आई है और यह रंग देश की खेल पहचान का अभिन्न हिस्सा बन चुका है। ऐसे में जर्सी का रंग बदलकर भगवा करना खेलों को राजनीति से जोड़ने का प्रयास है। उन्होंने कहा यह दुर्भाग्यपूर्ण फैसला है। इसे तुरंत वापस लिया जाना चाहिए।
परगट सिंह ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की केंद्र सरकार हर क्षेत्र में अपनी वैचारिक सोच थोपने की कोशिश कर रही है और अब खेलों को भी इससे अछूता नहीं छोड़ा जा रहा। उन्होंने कहा कि खेलों का उद्देश्य देश को जोड़ना, खिलाड़ियों को आगे बढ़ाना और राष्ट्रीय गौरव को मजबूत करना है, न कि उन्हें राजनीतिक विचारधारा का माध्यम बनाना।
उन्होंने कहा कि सरकार को खिलाड़ियों की जर्सी के रंग बदलने के बजाय खेलों के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने, विश्वस्तरीय प्रशिक्षण सुविधाएं उपलब्ध कराने, आधुनिक खेल उपकरण देने और खिलाड़ियों को बेहतर आर्थिक एवं संस्थागत सहयोग देने पर ध्यान देना चाहिए। यही कदम भारत को वैश्विक खेल महाशक्ति बनाने में सहायक होंगे।
विज्ञापन
परगट ने कहा, खेलों का कोई धर्म, जाति या राजनीतिक रंग नहीं होता। खेल केवल खेल भावना, अनुशासन, प्रतिभा और राष्ट्र के सम्मान का प्रतीक हैं। इसलिए सरकार को खेलों को राजनीति से दूर रखते हुए खिलाड़ियों के हितों और खेलों के विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता देनी चाहिए।
विज्ञापन
परगट सिंह ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की केंद्र सरकार हर क्षेत्र में अपनी वैचारिक सोच थोपने की कोशिश कर रही है और अब खेलों को भी इससे अछूता नहीं छोड़ा जा रहा। उन्होंने कहा कि खेलों का उद्देश्य देश को जोड़ना, खिलाड़ियों को आगे बढ़ाना और राष्ट्रीय गौरव को मजबूत करना है, न कि उन्हें राजनीतिक विचारधारा का माध्यम बनाना।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि सरकार को खिलाड़ियों की जर्सी के रंग बदलने के बजाय खेलों के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने, विश्वस्तरीय प्रशिक्षण सुविधाएं उपलब्ध कराने, आधुनिक खेल उपकरण देने और खिलाड़ियों को बेहतर आर्थिक एवं संस्थागत सहयोग देने पर ध्यान देना चाहिए। यही कदम भारत को वैश्विक खेल महाशक्ति बनाने में सहायक होंगे।
विज्ञापन
परगट ने कहा, खेलों का कोई धर्म, जाति या राजनीतिक रंग नहीं होता। खेल केवल खेल भावना, अनुशासन, प्रतिभा और राष्ट्र के सम्मान का प्रतीक हैं। इसलिए सरकार को खेलों को राजनीति से दूर रखते हुए खिलाड़ियों के हितों और खेलों के विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता देनी चाहिए।