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जम्मू-कश्मीर में आतंकी मुठभेड़: हरमिंदर की आखिरी वीडियो कॉल...'कुछ नहीं पता कब छाती में दुश्मन की गोली लग जाए'
Sun, 10 Aug 2025 11:55 AM IST
अंकेश ठाकुर
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहगढ़ साहिब (पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहगढ़ साहिब (पंजाब)
Published by: अंकेश ठाकुर
Updated Sun, 10 Aug 2025 11:55 AM IST
सार
एक दिन पहले शनिवार को रक्षाबंधन के दिन पंजाब के दो सैनिक देश के लिए वीरगति को प्राप्त हो गए। दोनों सैन्य जवान जम्मू-कश्मीर में आतंकी ऑपरेशन में शहीद हुए हैं।
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बेटे की तस्वीर हाथ में लिए विलाप करती मां।
- फोटो : संवाद
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विस्तार
जम्मू कश्मीर में आतंकी मुठभेड़ में बलिदान हरमिंदर सिंह ने एक दिन पहले अपनी मां गुरमीत कौर को वीडियो कॉल की थी। हरमिंदर सिंह ने वहां की मौजूदा स्थिति के बारे में भी अपनी मां को बताया था। उसने मां को बताया था कि आतंकवादियों ने उन्हें चारों ओर से घेरा हुआ है।
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चाचा दर्शन सिंह ने भी भरे गले से बताया कि हरमिंदर के पिता ने उसे कई बार कहा था कि बेटा तुम शादी कर लो पर उसने कहा कि वह फौज में सेट हो गया है। घर आकर सबसे पहले घर बनाएगा फिर शादी करेगा। चाचा ने बताया कि हरमिंदर एक दिन पहले से बार-बार वीडियो कॉल करके हंस हंस कर बातें कर रहा था। वह कह रहा था कि कुछ नहीं पता कब मेरी छाती में दुश्मन की गोली लग जाए। इसलिए वह अपने परिवार के सभी सदस्यों से बात कर रहा है।
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दर्शन सिंह ने कहा कि हमारे गरीब बच्चों की लाशों पर देश की सियासत हो रही है। हमारे घर की रोजी-रोटी का वह अकेला ही जरिया था। वह भी सरकारों की कमी की वजह से शहीद हो गया। शहीद के पिता मानसिक तौर पर अपसेट हैं। मां का रो रो कर बुरा हाल हो चुका है। उल्लेखनीय है कि शहीद हरमिंदर सिंह की घर की हालत बहुत दयनीय है, कच्चा घर, जिसकी छत टूटी हुई है और मां चूल्हे पर खाना बनाती है। हरमिंदर सिंह अपने पीछे माता पिता, छोटा भाई और एक मानसिक तौर पर बीमार छोटी बहन छोड़ गया है। घर की सारी जिम्मेदारी हरमिंदर सिंह के ऊपर थी।
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