फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Chandigarh-Punjab News ›   Ebam Devi, one of the key accused in the kidney transplant racket case PGI Chandigarh now absconding

चंडीगढ़ किडनी ट्रांसप्लांट रैकेट: मुख्य आरोपी एबम देवी फरार, कोर्ट ने रद्द की जमानत; गैर-जमानती वारंट जारी

Thu, 03 Sep 2026 02:04 PM IST
Nivedita संवाद न्यूज एजेंसी, चंडीगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, चंडीगढ़ Published by: Nivedita Updated Thu, 03 Sep 2026 02:04 PM IST
सार

एबम देवी को किडनी ट्रांसप्लांट रैकेट में गिरफ्तार किया गया था। वह कई साल तक जेल में रही। पिछले साल जमानत मिलने के बाद उसे अदालत की प्रत्येक सुनवाई में उपस्थित होना था, लेकिन वह लगातार पेशी से बचती रही। पिछले सप्ताह हुई सुनवाई में भी उसके गैरहाजिर रहने पर अदालत ने सख्त रुख अपनाया।

विज्ञापन
Ebam Devi, one of the key accused in the kidney transplant racket case PGI Chandigarh now absconding
चंडीगढ़ पीजीआई - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

चंडीगढ़ पीजीआई में वर्ष 2019 में सामने आए किडनी ट्रांसप्लांट गिरोह मामले की मुख्य आरोपियों में शामिल एबम देवी अब फरार है। लंबे समय तक बुड़ैल जेल में बंद रही एबम को पिछले साल अदालत से जमानत मिली थी।

विज्ञापन


जमानत पर बाहर आने के बाद उसे मामले की सुनवाई के दौरान नियमित रूप से अदालत में पेश होना था, लेकिन वह लगातार गैरहाजिर रही। कई बार समन जारी होने के बावजूद कोर्ट में पेश नहीं होने पर अदालत ने उसकी जमानत रद्द कर दी और उसके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी कर दिए हैं। इसके बाद पुलिस ने उसकी तलाश तेज कर दी है।
विज्ञापन


कई बार समन के बाद भी नहीं पहुंची कोर्ट
पुलिस के अनुसार, एबम देवी को किडनी ट्रांसप्लांट रैकेट में गिरफ्तार किया गया था। वह कई साल तक जेल में रही। पिछले साल जमानत मिलने के बाद उसे अदालत की प्रत्येक सुनवाई में उपस्थित होना था, लेकिन वह लगातार पेशी से बचती रही। पिछले सप्ताह हुई सुनवाई में भी उसके गैरहाजिर रहने पर अदालत ने सख्त रुख अपनाया। इसके बाद जमानत रद्द करते हुए गैर-जमानती वारंट जारी किए गए। पुलिस अब उसके पुराने और संभावित ठिकानों पर तलाश कर रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

ढाई लाख रुपये में खुद दी थी किडनी
जांच में सामने आया था कि एबम देवी ने खुद करीब ढाई लाख रुपये लेकर अपनी किडनी डोनेट की थी। इसके बाद वह किडनी ट्रांसप्लांट गिरोह के संपर्क में आई और कथित तौर पर उसके लिए काम करने लगी। आरोप है कि उसने मणिपुर की एक महिला को चंडीगढ़ में नौकरी दिलाने का झांसा देकर बुलाया था। पुलिस के मुताबिक, यहां महिला को किडनी ट्रांसप्लांट के लिए डोनर के तौर पर इस्तेमाल करने की साजिश रची गई।

फर्जी दस्तावेज तैयार कर ट्रांसप्लांट की तैयारी
जांच में आरोप सामने आया कि गिरोह के सदस्यों ने महिला की किडनी किसी अन्य व्यक्ति को ट्रांसप्लांट कराने के लिए फर्जी दस्तावेज तैयार किए थे। मणिपुर निवासी बिमल से ट्रांसप्लांट के लिए दो लाख रुपये एडवांस और ऑपरेशन के बाद ढाई लाख रुपये लेने की बात सामने आई थी।

गरीब लोगों को पैसों का लालच देकर बनाते थे डोनर
पुलिस जांच के अनुसार, गिरोह आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को निशाना बनाता था। उन्हें नौकरी या पैसों का लालच देकर चंडीगढ़ लाया जाता था। इसके बाद फर्जी दस्तावेजों के सहारे किडनी ट्रांसप्लांट की प्रक्रिया आगे बढ़ाने की कोशिश की जाती थी। मामले का खुलासा होने के बाद पुलिस ने गिरोह से जुड़े कई लोगों के खिलाफ कार्रवाई की थी। अब एबम देवी के फरार होने के बाद पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed