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कभी हकीकत नहीं बनेगी एसवाईएल: सीएम मान की दो टूक-हरियाणा को देने के लिए हमारे पास अतिरिक्त पानी नहीं
Sun, 23 Feb 2025 07:59 AM IST
निवेदिता वर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Sun, 23 Feb 2025 07:59 AM IST
सार
सतलुज यमुना लिंक नहर पंजाब और हरियाणा के बीच विवाद की एक बड़ी वजह है। सुप्रीम कोर्ट तक मामला पहुंच चुका है लेकिन अभी तक कोई समाधान नहीं हो पाया है।
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भगवंत मान
- फोटो : X @BhagwantMann
विस्तार
सतलुज यमुना लिंक नहर (एसवाईएल) के मुद्दे पर एक बार फिर पंजाब और हरियाणा के मुख्यमंत्री आमने-सामने आ गए हैं। संगरूर के भवानीगढ़ में एसडीएम कॉम्पलेक्स के उद्घाटन के बाद मुख्यमंत्री भगवंत मान ने साफ कहा कि उनके पास हरियाणा को अतिरिक्त पानी देने के लिए नहीं हैं। सीएम मान ने कहा कि एसवाईएल कभी हकीकत नहीं बनेगी।
मान हरियाणा के सीएम नायब सैनी द्वारा की गई टिप्पणी का जवाब दे रहे थे।
मान ने कहा कि पंजाब के पास किसी अन्य राज्य के साथ साझा करने के लिए पानी की एक भी बूंद नहीं है और सतलुज यमुना लिंक (एसवाईएल) नहर कभी हकीकत में नहीं बदलेगी। उन्होंने कहा कि वॉटर ट्रिब्यूनल के साथ बैठक में उन्होंने बीते दिनों सरकार की ओर से अपना पक्षा रखा है। उन्होंने ट्रिब्यूनल को बताया कि 50 साल पहले जो संधि हुई थी, तब भूजल से लेकर नहरी पानी की स्थिति प्रदेश में कुछ और थी, आज हालात बदल चुके हैं। पंजाब का भूजल स्तर नीचे जा चुका है और नहरी पानी के जरिए वह अपनी जरूरतों को बड़ी मुश्किल से पूरा कर पा रहे हैं।
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मान हरियाणा के सीएम नायब सैनी द्वारा की गई टिप्पणी का जवाब दे रहे थे।
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मान ने कहा कि पंजाब के पास किसी अन्य राज्य के साथ साझा करने के लिए पानी की एक भी बूंद नहीं है और सतलुज यमुना लिंक (एसवाईएल) नहर कभी हकीकत में नहीं बदलेगी। उन्होंने कहा कि वॉटर ट्रिब्यूनल के साथ बैठक में उन्होंने बीते दिनों सरकार की ओर से अपना पक्षा रखा है। उन्होंने ट्रिब्यूनल को बताया कि 50 साल पहले जो संधि हुई थी, तब भूजल से लेकर नहरी पानी की स्थिति प्रदेश में कुछ और थी, आज हालात बदल चुके हैं। पंजाब का भूजल स्तर नीचे जा चुका है और नहरी पानी के जरिए वह अपनी जरूरतों को बड़ी मुश्किल से पूरा कर पा रहे हैं।
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