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Amritsar News: मांगों संबंधी नहीं निकला ठोस समाधान, आज किसान रोकेंगे अमृतसर-दिल्ली रेल ट्रैक
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किसान मजदूर संघर्ष कमेटी ने दिया डीसी ऑफिस के बाहर धरना
25 सितंबर दोपहर 12 बजे तक का दिया अल्टीमेटम
संवाद न्यूज एजेंसी
अमृतसर। पंजाब में एक बार फिर से रेल ट्रैक बाधित हो सकता है, जिसका असर कई ट्रेनों की आवाजाही पर पड़ेगा। दरअसल, मंगलवार को मांगों को लेकर किसान मजदूर संघर्ष कमेटी पंजाब के नेता सरवन सिंह पंधेर के नेतृत्व में डीसी अमृतसर कार्यालय के बाहर रोष प्रदर्शन किया गया। किसानों की मांगों को लेकर जिला प्रशासन के अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा गया। मांगों का हल प्रशासन व सरकार की ओर से देर शाम तक नहीं निकाला गया। इसके चलते किसानों ने 25 सितंबर तक 12 बजे का समय सरकार को देते हुए कहा कि अगर मांगे नहीं स्वीकार की गई तो 25 सितंबर को 12 बजे के बाद गांव देवीदासपुरा के रेल क्रॉसिंग पर धरना देकर अमृतसर-दिल्ली रेट ट्रैक जाम किया जाएगा। इसके परिणामों की जिम्मेदारी सरकार की होगी।
किसानों की मुख्य मांगें
किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने बताया कि किसान आंदोलन के शहीदों के परिवारों को नौकरी और मुआवजा, दिल्ली आंदोलन से लौटते समय बस दुर्घटना में घायल हुए किसान मजदूरों को मुआवजा, पराली जलाने वाले किसानों पर दर्ज मामले रद्द करवाना, भारत माला प्रोजेक्ट से जुड़ी समस्याएं, डीएपी की कमी जैसे मुद्दों, संघर्ष के दौरान किसानों पर दर्ज मामले रद्द करवाने आदि को लेकर डीसी ऑफिस अमृतसर में धरना दिया है। देर शाम तक इस धरने का कोई भी ठोस समाधान नहीं निकला है। इसके चलते किसानों ने 25 सितंबर बाद दोपहर 12 बजे रेल रोको आंदोलन शुरू करने का फैसला ले लिया है।
अफसरशाही का रवैया पूरी तरह से उदासीन
किसान नेता ने कहा कि अफसरशाही का रवैया पूरी तरह से उदासीन है। शहीद किसानों के मुआवजे के अलावा किसी भी मांग पर प्रशासन ने संतोषजनक कार्रवाई नहीं की है। जिला अध्यक्ष रणजीत सिंह कलेर एवं प्रदेश नेता गुरबचन सिंह चाबा ने कहा कि हम रेल का चक्का जाम नहीं करना चाहते। इसी आधार पर हम एक बार फिर सरकार को कल 12 बजे तक का समय दे रहे हैं। अगर सरकार ने कोई सुनवाई नहीं की तो 12 बजे रेल लाइन बंद करने के लिए किसान मजबूर होंगे। इस दौरान किसान नेता बाज सिंह सारंगरा, लखविंदर सिंह डाला, कुलजीत सिंह घनुपुर काले, सविंदर सिंह रूपोवाली, बलदेव सिंह बागा, कंधार सिंह भोएवाल, सुखदेव सिंह चाटीविंड, बलविंदर सिंह रुमानचक, मंगजीत सिंह सिधवां, कंवर दिलीप सैदोलेहल आदि ने भी संबोधित किया।
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25 सितंबर दोपहर 12 बजे तक का दिया अल्टीमेटम
संवाद न्यूज एजेंसी
अमृतसर। पंजाब में एक बार फिर से रेल ट्रैक बाधित हो सकता है, जिसका असर कई ट्रेनों की आवाजाही पर पड़ेगा। दरअसल, मंगलवार को मांगों को लेकर किसान मजदूर संघर्ष कमेटी पंजाब के नेता सरवन सिंह पंधेर के नेतृत्व में डीसी अमृतसर कार्यालय के बाहर रोष प्रदर्शन किया गया। किसानों की मांगों को लेकर जिला प्रशासन के अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा गया। मांगों का हल प्रशासन व सरकार की ओर से देर शाम तक नहीं निकाला गया। इसके चलते किसानों ने 25 सितंबर तक 12 बजे का समय सरकार को देते हुए कहा कि अगर मांगे नहीं स्वीकार की गई तो 25 सितंबर को 12 बजे के बाद गांव देवीदासपुरा के रेल क्रॉसिंग पर धरना देकर अमृतसर-दिल्ली रेट ट्रैक जाम किया जाएगा। इसके परिणामों की जिम्मेदारी सरकार की होगी।
किसानों की मुख्य मांगें
किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने बताया कि किसान आंदोलन के शहीदों के परिवारों को नौकरी और मुआवजा, दिल्ली आंदोलन से लौटते समय बस दुर्घटना में घायल हुए किसान मजदूरों को मुआवजा, पराली जलाने वाले किसानों पर दर्ज मामले रद्द करवाना, भारत माला प्रोजेक्ट से जुड़ी समस्याएं, डीएपी की कमी जैसे मुद्दों, संघर्ष के दौरान किसानों पर दर्ज मामले रद्द करवाने आदि को लेकर डीसी ऑफिस अमृतसर में धरना दिया है। देर शाम तक इस धरने का कोई भी ठोस समाधान नहीं निकला है। इसके चलते किसानों ने 25 सितंबर बाद दोपहर 12 बजे रेल रोको आंदोलन शुरू करने का फैसला ले लिया है।
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अफसरशाही का रवैया पूरी तरह से उदासीन
किसान नेता ने कहा कि अफसरशाही का रवैया पूरी तरह से उदासीन है। शहीद किसानों के मुआवजे के अलावा किसी भी मांग पर प्रशासन ने संतोषजनक कार्रवाई नहीं की है। जिला अध्यक्ष रणजीत सिंह कलेर एवं प्रदेश नेता गुरबचन सिंह चाबा ने कहा कि हम रेल का चक्का जाम नहीं करना चाहते। इसी आधार पर हम एक बार फिर सरकार को कल 12 बजे तक का समय दे रहे हैं। अगर सरकार ने कोई सुनवाई नहीं की तो 12 बजे रेल लाइन बंद करने के लिए किसान मजबूर होंगे। इस दौरान किसान नेता बाज सिंह सारंगरा, लखविंदर सिंह डाला, कुलजीत सिंह घनुपुर काले, सविंदर सिंह रूपोवाली, बलदेव सिंह बागा, कंधार सिंह भोएवाल, सुखदेव सिंह चाटीविंड, बलविंदर सिंह रुमानचक, मंगजीत सिंह सिधवां, कंवर दिलीप सैदोलेहल आदि ने भी संबोधित किया।
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