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06 वर्ष बाद माता राज कुमारी को मिला गुम हुआ सूरज
Updated Wed, 04 Jul 2018 10:24 PM IST
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छह वर्ष बाद मां को मिला गुम हुआ सूरज
-सूरज के वारिसों ने जिला बाल सुरक्षा यूनिट पठानकोट का किया धन्यवाद
पठानकोट। जिला बाल सुरक्षा यूनिट पठानकोट के प्रयास से 6 वर्ष पहले गुम हुआ एक लड़का अपने परिवार को मिल गया। जिला बाल सुरक्षा अधिकारी ऊषा ने बताया कि वर्ष 2017 में उनको गुमनाम गढ़ (राजस्थान) से फोन करके सूचित किया गया कि एक बच्चा जिसकी उम्र करीब 10 से 11 वर्ष है जो अपना नाम सूरज और अपने आप को पठानकोट का रहने वाला बता रहा है। उन्होंने बताया कि बाल सुरक्षा अधिकारी हनुमानगढ़ ने यह बच्चा उनके सुपुर्द कर दिया था। इस पर जिला बाल सुरक्षा यूनिट पठानकोट ने बच्चे की ओर से दी जानकारी अनुसार काफी स्थानों पर विजिट करवाई पर उसके वारिसों के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली। इसके बाद बच्चे को चिल्ड्रन होम गुरदासपुर भेज दिया गया। पिछले दिनों विभागीय उच्च अधिकारियों के साथ संपर्क करने के बाद यह मामला समाचार पत्रों में प्रकाशित किया गया। इस दौरान उनको एक फोन आया। फोन करने वाले बताया कि वह बच्चे को जानता है। उस बच्चे की मां राज रानी लंबे समय से उसके घर में काम कर रही है। उन्होंने बताया कि बच्चे की माता राज रानी को जिला बाल सुरक्षा कार्यालय पठानकोट स्थित बुलाया गया और सारी जानकारी प्राप्त की गई। जिला बाल सुरक्षा अधिकारी ऊषा ने बताया कि बच्चे की माता की ओर से दी जानकारी के बाद सूरज पुत्र बंसी लाल को जिला अधिकारी और अन्य अधिकारियों की मौजूदगी में उसकी माता राजरानी को दिया गया।
फोटो 16, विभाग द्वारा बच्चे को माता पिता के पास सुपुर्द करते हुए अधिकारी
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-सूरज के वारिसों ने जिला बाल सुरक्षा यूनिट पठानकोट का किया धन्यवाद
पठानकोट। जिला बाल सुरक्षा यूनिट पठानकोट के प्रयास से 6 वर्ष पहले गुम हुआ एक लड़का अपने परिवार को मिल गया। जिला बाल सुरक्षा अधिकारी ऊषा ने बताया कि वर्ष 2017 में उनको गुमनाम गढ़ (राजस्थान) से फोन करके सूचित किया गया कि एक बच्चा जिसकी उम्र करीब 10 से 11 वर्ष है जो अपना नाम सूरज और अपने आप को पठानकोट का रहने वाला बता रहा है। उन्होंने बताया कि बाल सुरक्षा अधिकारी हनुमानगढ़ ने यह बच्चा उनके सुपुर्द कर दिया था। इस पर जिला बाल सुरक्षा यूनिट पठानकोट ने बच्चे की ओर से दी जानकारी अनुसार काफी स्थानों पर विजिट करवाई पर उसके वारिसों के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली। इसके बाद बच्चे को चिल्ड्रन होम गुरदासपुर भेज दिया गया। पिछले दिनों विभागीय उच्च अधिकारियों के साथ संपर्क करने के बाद यह मामला समाचार पत्रों में प्रकाशित किया गया। इस दौरान उनको एक फोन आया। फोन करने वाले बताया कि वह बच्चे को जानता है। उस बच्चे की मां राज रानी लंबे समय से उसके घर में काम कर रही है। उन्होंने बताया कि बच्चे की माता राज रानी को जिला बाल सुरक्षा कार्यालय पठानकोट स्थित बुलाया गया और सारी जानकारी प्राप्त की गई। जिला बाल सुरक्षा अधिकारी ऊषा ने बताया कि बच्चे की माता की ओर से दी जानकारी के बाद सूरज पुत्र बंसी लाल को जिला अधिकारी और अन्य अधिकारियों की मौजूदगी में उसकी माता राजरानी को दिया गया।
फोटो 16, विभाग द्वारा बच्चे को माता पिता के पास सुपुर्द करते हुए अधिकारी