फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Amritsar News ›   दो साल बीते पर किरपाल सिंह के परिवार से किए गए वायदे वफा न हुए।

दो साल बीते पर किरपाल सिंह के परिवार से किए गए वायदे वफा न हुए।

Wed, 11 Apr 2018 10:08 PM IST
Updated Wed, 11 Apr 2018 10:08 PM IST
विज्ञापन
दो साल बीते पर किरपाल सिंह के परिवार से किए गए वायदे  वफा न हुए।
देशभक्तों का मोल कोई भी सरकार अदा नहीं कर सकती: पाहड़ा
विज्ञापन

शहीद किरपाल सिंह का दूसरा श्रद्धांजलि समारोह पैतृक गांव में मुस्ताफाबाद सैदां में हुआ
पाकिस्तान जेल में 24 वर्ष कैद में रहकर जुल्म सहे थे शहीद किरपाल सिंह ने
अमर उजाला ब्यूरो
गुरदासपुर।
पाकिस्तान जेल में 24 वर्ष की कैद में रह कर जुल्म सहने वाले और 2 वर्ष पहले पाकिस्तानी जेल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का ग्रास बने व तिरंगे में लिपटकर हुए वतन पहुंचे गांव मुस्तफाबाद सैदां के शहीद किरपाल सिंह का दूसरा श्रद्धांजलि समारोह पैतृक गांव में मुस्ताफाबाद सैदां आयोजित किया गया। इसमें लेबर सेल पंजाब के चेयरमैन गुरमीत सिंह पाहड़ा बतौर मुख्य मेहमान शामिल हुए।

अध्यक्षता शहीद सैनिक परिवार सुरक्षा परिषद के महासचिव कुंवर रविंदर सिंह विक्की ने की। इनके अलावा शहीद का भतीजा अश्वनी कुमार, भाई रूप लाल, बहन किशनो देवी व जगीर कौर, रिटायर्ड डीएसपी अजैब सिंह, सुरेंद्र शर्मा ने विशेष मेहमान के तौर पर शामिल होकर शहीद को श्रद्धा सुमन अर्पित किए। समारोह को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि चेयरमैन गुरमीत सिंह पाहड़ा ने कहा कि शहीद राष्ट्र का सरमाया होते हैं। जो देशहित में प्राणों की आहुति देकर युवा पीढ़ी में देश भक्ति की अलख जगा, उन में देश पर मर मिटने का जज्बा भर जाते है। ऐसे देशभक्तों की शहादत का मोल कोई भी सरकार अदा नहीं कर सकती। उन्होंने कहा कि किरपाल सिंह के परिजनों ने उन्हें पाक जेल से रिहा कराने के लिए लंबा संघर्ष किया, लेकिन अफसोस किरपाल जीते जी वतन नहीं लौट सके। पाहड़ा ने कहा कि किरपाल सिंह के अंतिम संस्कार के मौके पर पिछली सरकार ने जो भी वादे किए थे वो उसे पूरा करने में असफल रहे। मगर वह परिवार को विश्वास दिलाते हैं कि कैप्टन सरकार उन वादों को अमली जामा पहनाएगी। कुंवर विक्की ने कहा कि सरकार की नाकामी के कारण पाकिस्तान की जेलों में आज भी कई भारतीय जांबाज जुल्म सहते हुए नर्क जैसी जिंदगी व्यतीत करने को विवश हैं। उनकी रिहाई के लिए सरकार को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पाक पर दबाब बनाना चाहिए। इस अवसर पर मुख्यातिथि द्वारा शहीद के परिजनों साहित पांच अन्य शहीद परिवारों को शाल भेंट कर सम्मानित किया गया। इस मौके पर सूबेदार मेजर शाम सिंह, मोहन शर्मा, कर्णवीर सिंह, सरपंच देव राज, तरसेम लाल, हंस राज, राजेश कुमार, चन्नण सिंह, बलविंदर कुमार, सतबीर सिंह, राकेश कुमार, राज कुमार, संजीव सिंह, जसबीर सिंह व अन्य उपस्थित थे।
विज्ञापन


11जीडीआर7- शहीद किरपाल सिंह के परिजनों को सम्मानित करते हुए चेयरमैन गुरमीत सिंह पाहड़ा, कुंवर रविंदर सिंह विक्की व अन्य
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed