झमाझम बारिश के बाद धूप खिलने के बावजूद सर्द हवाओं से ठिठुरन बनी हुई है। रविवार को जहां सुबह हल्का कोहरा होने के बाद कुछ घंटे धूप खिली लेकिन शाम से ही मौसम ने करवट बदल ली और सर्द हवाएं चलीं। वहीं सोमवार को सुबह से ही ठिठुरन बनी रही। हल्का कोहरा छाया रहा जिससे हवा में प्रदूषण भी बढ़ गया। मौसम विज्ञानियों के अनुसार सुबह के समय कोहरे का असर अभी बढ़ेगा।
सर्दी का सितम आने वाले दिनों में और भी बढ़ेगा। धूप खिलने और अधिकतम और न्यूनतम तापमान में 1.2 और 1.7 डिग्री की बढ़ोत्तरी होने के बावजूद मौसम सर्द बना रहा। शाम होते होते मौसम और भी सर्द हो गया। बारिश के बाद जहां चौबीस घंटे पहले महानगर का वायु गुणवत्ता सूचकांक 36 पर आ गया था, रविवार को फिर बढ़कर 160 पर पहुंच गया।
मौसम वैज्ञानिक डॉ. एन. सुभाष के मुताबिक दिन में हवा की गति 6 से 10 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से रही। पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी के चलते मैदानी क्षेत्रों में सर्द हवाओं से सर्दी बढ़ेगी। पाला पड़ने से रात में सर्दी बढ़ रही है। दिन में धूप से जरूरत थोड़ी राहत है। लेकिन हवाओं के चलने से दो-तीन दिन में तापमान में गिरावट आएगी।
कोहरे से अभी राहत नहीं
मौसम वैज्ञानिक डॉ. एन सुभाष ने बताया कि मैदानों में सर्दी का असर व्यापक होने जा रहा है। कुछ दिनों तक दिन-रात के तापमान में गिरावट होने से पूरे उत्तर, भारत में कड़ाके की सर्दी रहेगी। तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट हो सकती है। मेरठ और आसपास में घना कोहरा भी छाने के आसार हैं।
कड़ाके की सर्दी के दौरान बच्चों और बुर्जुगों का खास खयाल रखें। गर्म और ऊनी कपड़े पहनकर ही घर से बाहर निकलें। सिर और पांव को खासकर ढककर रखें। स्वास्थ्य विशेषज्ञों की मानें तो दिल के मरीज कोहरे में घर से बाहर कम ही निकलें।