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कौशाम्बी में एक करोड़ की मिठाई, पेस्टी और केक निगल गया कोरोना

Mon, 30 Mar 2020 01:01 AM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कौशाम्बी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कौशाम्बी Published by: विनोद सिंह Updated Mon, 30 Mar 2020 01:01 AM IST
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Corona swallowed one crore sweets, pasties and cakes in Kaushambi
sweet

जनता कर्फ्यू और उसके बाद हुए लॉक डाउन ने दोआबा के मिठाई कारोबारियों को जोर का झटका दिया है। उनके यहां रखी करीब एक  करोड़ रुपया कीमत की मिठाई, पेस्टी व केक कोरोना निगल गया है। व्यापारी मजबूरन ये सामग्रियां या तो पहले ही बंटवा चुके हैं या फिर अब बंटवा रहे हैं। 

Corona swallowed one crore sweets, pasties and cakes in Kaushambi
sweet

कौशाम्बी जिले के प्रमुख कस्बों में मिठाई की करीब 50 ठीकठाक दुकानें हैं। छोटी बाजारों में छोटी-छोटी लगभग डेढ़ सौ दुकानें होंगी। कारोबारियों का कहना है कि सभी बड़ी दुकानों में तकरीबन 50 लाख रुपये का स्टॉक डंप था। वहीं, अन्य दुकानों में भी करीब 50 लाख के ही कीमत का माल स्टॉक किया गया था। यहां मिठाई की बड़ी दुकानों में ही केक, पेस्टी जैसी खाद्य सामग्रियां भी बिकती हैं। बेकरियों में ज्यादातर ब्रेड, टोस आदि बनाने का काम होता है।

Corona swallowed one crore sweets, pasties and cakes in Kaushambi
sweet - फोटो : अमर उजाला
क्वालिटी युक्त केक, पेस्टी नहीं बनाई जाती। करारी के मिठाई कारोबारी कालिया जायसवाल का कहना है कि जनता कर्फ्यू के बाद सोचा था कि दुकान खुलेगी तो स्टॉक बिक जाएगी लेकिन, प्रशासन ने एहतियातन दुकान खुलने ही नहीं दी। फिर लॉक डाउन भी हो गया। लिहाजा ऐसी सभी मिठाई, केस, पेस्टी जल्द ही गरीबों के बीच बांट दी जाएगी, जो खराब हो सकती है। कुछ का वितरण पहले ही किया जा चुका है। वहीं, मंझनपुर के मिठाई कारोबारी नरेश चंद्र मोदनवाल का कहना है कि ज्यादा दिन नहीं टिकने वाली मिठाई पहले ही गरीबों को मुफ्त में दे दी गई है। ऐसा ही कहना अन्य कारोबारियों का भी है। 

कोरोना से निपटने को सांसद ने दिए एक करोड़

कोरोना संक्रमण से निपटने के लिए सांसद विनोद सोनकर ने शनिवार को अपनी निधि से प्रधानमंत्री राहत कोष में एक करोड़ रुपया दिया। इससे पहले जिला प्रशासन को वे स्वास्थ्य सेवाएं दुरुस्त करने के लिए वह 50 लाख रुपया तथा अपना एक महीने का वेतन दे चुके हैं। वहीं करारी के कारोबारी रमेश चंद्र जायसवाल ने भी जिला प्रशासन को एक लाख रुपये का चेक दिया है। 
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