{"_id":"58f221e74f1c1bbd4ccf6112","slug":"sensational-murder-case-of-chitrakut","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"‘किलर देवर’ जा पहुंचा डाकुओं के दर","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
‘किलर देवर’ जा पहुंचा डाकुओं के दर
Sun, 16 Apr 2017 12:25 AM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
Updated Sun, 16 Apr 2017 12:25 AM IST
विज्ञापन
1 of 6
हत्यारोपी ने भतीजे का अपहरण भी कर लिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
चित्रकूट मानिकपुर के सकरौंहा गांव में मामूली बात पर भाभी को कुल्हाड़ी से काटकर मारने वाला हत्यारा देवर घने जंगलों में जा पहुंचा है। इन जंगलों में कुख्यात डकैत रहा करते हैं। हत्यारोपी देवर ने भाभी को मारने के बाद भतीजे का अपहरण भी कर लिया है।
2 of 6
मृतक महिला की फाइल फोटो
हत्या करने वाले देवर की तलाश में पुलिस जंगलों में भी छानबीन कर रही है। ग्रामीणों की मानें तो आरोपी डाकुओं के गैंग तक पहुंच चुका होगा। आरोपी अपने साथ मृतका के बड़े बेटे को भी भगा ले गया है। जिससे मृतका के परिजन आंशकित हैं कि कहीं आरोपी उसकी भी जान के साथ खिलवाड़ न कर दे।
3 of 6
गांव में पूछताछ करती पुलिस
मानिकपुर थानाक्षेत्र के सकरौंहा गांव से जुड़े जंगलों के क्षेत्र में डाकू गैंगों का विचरण होता ही रहता है। शुक्रवार की रात को जिस अंदाज में कुनका कोल ने अपनी भाभी स्व.बबुआ कोल की पत्नी रतिया देवी (45) की कुल्हाड़ी से मारकर हत्या कर दी थी जिससे सभी अचंभित और भयभीत हैं। पुलिस बल लगातार आरोपी की तलाश में छानबीन कर रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 6
मृतक महिला के घरवाले
घटना के दूसरे दिन शाम तक पुलिस ने जंगली क्षेत्रों में आरोपी की तलाश में छापेमारी की लेकिन कुछ सुराग नहीं लगा है। मानिकपुर थानाध्यक्ष अजय यादव ने बताया कि फिलहाल तो आरोपी की तलाश दिन रात की जा रही है लेकिन उसके दस्यु गैंग तक पहुंचने की संभावना पर कोई जवाब नहीं दिया।
विज्ञापन
5 of 6
मृतका के परिजन
मृतका का पति की दस साल पहले बीमारी से मौत हो चुकी है। मृतका मजदूरी कर परिवार चलाती थी। घटना के दिन भी सुबह वह अपनी पुत्री रेशमा के साथ कूप खुदाई में मजदूरी करने गई थी। उसके दो पुत्र तीन पुत्री हैं। कूप खुदाई के बाद शाम को घर आने पर रेशमा ने ही बाजार से सब्जी लाकर मां के साथ मिलकर खाना बनाया था।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।