विकास दुबे के एनकाउंटर के बाद खत्म हुआ खौफ का साम्राज्य, पत्नी ऋचा ने एसडीएम से मिल लगाई मदद की गुहार
कानपुर के बिकरू गांव में आठ पुलिसकर्मियों की हत्या के आरोपित विकास दुबे की पत्नी ऋचा दुबे शुक्रवार को बिल्हौर तहसील और एंटी डकैती कोर्ट माती पहुंची। एसडीएम से मुलाकात कर बिकरू की एक जमीन पर कब्जा होने की शिकायत दर्ज कराई। बाकी जमीनों की जानकारी लेने के बाद उनमें वारिसानों का नाम चढ़वाने के लिए प्रार्थना पत्र दिया। उन्होंने वाहन और कुछ सामान रिलीज करने के लिए भी एप्लीकेशन दी।
ऋचा सुबह सबसे पहले एंटी डकैती कोर्ट माती पहुंची। उसके साथ बड़ा बेटा आकाश और लखनऊ से आया वकील भी था। कोर्ट में जज के सामने वाहन और सामान रिलीज करने की गुहार लगाई। अदालत ने सुनवाई के लिए 29 अक्तूबर की तिथि दी। कुछ समय रुकने के बाद ऋचा बिल्हौर तहसील पहुंची। वहां एक वकील किया और एसडीएम पीएन सिंह से मुलाकात की। सकरवां गांव में विकास दुबे की जमीन पर दो लोगों ने कब्जा कर रखा है। इसके बारे में भी एसडीएम को जानकारी देने के साथ ही ऋचा दुबे ने कहा कि वह इस मामले में कोर्ट में केस लड़ेंगी
ऋचा को नहीं पता, कहां-कहां है जमीन
ऋचा ने एसडीएम से कहा कि बिकरू में उनकी जमीन दूसरे समुदाय के लोगों ने कब्जा कर ली है। एसडीएम ने जांच कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। एसडीएम से उन्होंने कहा कि उनकी जमीन कहां-कहां पर है इसकी जानकारी नहीं है, जिस पर एसडीएम ने जानकारी दी। ऋचा ने वारिसानों के नाम चढ़ाने को प्रार्थना पत्र दिया। एसडीएम को बताया कि भीटी गांव में उनके स्वर्गवासी देवर अविनाश की भी जमीन है, जिस पर वारिसानों का नाम नहीं चढ़ा हैं। इस पर एसडीएम ने कहा कि वह उनकी पत्नी के नाम चढ़ेगी उसके लिए जो जरूरी प्रपत्र हैं, वह उन्हें उपलब्ध करा दिए जाएं।