उत्तर प्रदेश के बिजनौर में कार्तिक पूर्णिमा पर्व पर नांगलसोती के गंगाघाट पर लगने वाले गंगा स्थान मेले का उद्घाटन आज किया जाएगा। मेला कमेटी की ओर से स्नान मेले की तैयारियां पूर्ण कर ली गईं हैं। नांगलसोती गंगा घाट पर उत्तराखंड के बाद यूपी की सीमा में लगने वाला पहला गंगा स्नान मेला है। मेले में गांव हरचंदपुर, मायापुरी, शहजादपुर, जीतपुर, खानपुर, नांगलसोती सहित दूरदराज से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं।
गंगा स्नान 2022: भगीरथी के तट पर बसा आस्था का शहर, पांच लाख श्रद्धालुओं के मेले में पहुंचने की संभावना
गंगा मेले में दुकानें सजने लगीं हैं। झूला बनकर तैयार है। अबकी बार सुरक्षा व्यवस्था चाक चौबंद रहेगी। सीसीटीवी कैमरे और ड्रोन से भी निगरानी होगी। पुलिस ने सुरक्षा इंतजाम का खाका तैयार कर लिया है। अफसरों का अमला मेले स्थल पर डेरा डाले हुए हैं।
सीडीओ पूर्ण बोरा, एडीएम प्रशासन विनय कुमार, एएसपी सिटी डॉ. प्रवीन रंजन सिंह, एएमए श्याम बहादुर शर्मा, सीओ सिटी अनिल कुमार ने मेला स्थल का दौरा किया। इन्होंने व्यवस्थाओं को लेकर जरूरी दिशा निर्देश दिए। कहां क्या और व्यवस्था कैसे करनी है, यह सुझाव अफसरों ने दिया।
शनिवार शाम तक गंगा स्नान मेले में दुकानों के सजाए जाने का सिलसिला जारी रहा। मेले में पांच लाख से अधिक की भीड़ उमड़ने की संभावना है। ऐसे में मेला क्षेत्रफल का दायरा बढ़ाते हुए 12 लाख वर्ग फुट किया गया है। मेले को सेक्टर में बांटने के साथ ही एक सेक्टर में केवल सरकारी तंबू लगाए गए हैं। आज मेले का उद्घाटन किया जाएगा।
लाइटों से जगमगाने लगा मेला
गंगा स्नान मेले में लाइट लगा दी गई हैं। रास्ते लाइटों से रात के समय जगमगाने लगे हैं। उम्मीद जताई जा रही है आज से श्रद्धालुओं की संख्या में इजाफ होगा। वहीं लोगों ने जिला पंचायत से तंबुओं की बुकिंग करानी शुरू कर दी है।
गंगा स्नान मेले को देखकर लगता है कि तंबुओं का अस्थाई शहर बस गया हो। हर तरफ टेंट ही टेंट नजर आ रहे हैं। श्रद्धालु लगातार ट्रैक्टर ट्राली और भैंसा बुग्गी से मेले में पहुंच रहे हैं। श्रद्धालुओं ने मेले में जाकर गंगा में स्नान करना शुरू कर दिया है।