Ajmer: भारी बारिश से अजमेर में बाढ़ जैसे हालात, आनासागर झील ओवरफ्लो, सड़कों पर बहा पानी, राहत कार्यों में तेजी
कल रात शहर में हुई भारी बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। आनासागर का पानी ओवरफ्लो होने के कारण उसका पानी मुख्य सड़क तक पहुंच गया। जगह-जगह हुए जलभराव के कारण कई वाहन पानी में बंद हो गए।
विधानसभा अध्यक्ष ने किया जलभराव क्षेत्र का दौरा
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष ने स्वयं जलभराव वाले क्षेत्रों का दौरा किया। उनके साथ जिला कलेक्टर लोकबंधु, डिप्टी मेयर नीरज जैन, एसपी वंदिता राणा, एडिशनल एसपी सिटी हिमांशु जांगिड़ सहित आला अधिकारी मौजूद रहे। उन्होंने सुभाष उद्यान, वैशाली नगर, सागर विहार कॉलोनी और आनासागर चौपाटी सहित अन्य क्षेत्र का निरीक्षण किया और मौके पर मौजूद अधिकारियों को तुरंत राहत कार्य शुरू करने के निर्देश दिए।
विधानसभा अध्यक्ष ने अधिकारियों से कहा कि प्रभावित लोगों को हरसंभव मदद दी जाए और जलनिकासी की व्यवस्था में तेजी लाई जाए। उन्होंने स्थानीय नागरिकों से संवाद कर उनकी समस्याएं भी सुनीं और भरोसा दिलाया कि सरकार इस पर गंभीर है और जल्द ही स्थाई समाधान की दिशा में काम किया जाएगा।
सड़कें बनीं दरिया, वाहनों का बंद होना आम
तेज बारिश के बाद आनासागर झील का जलस्तर बढ़ गया और उसका पानी सड़कों पर फैल गया। आनासागर चौपाटी और सुभाष उद्यान मार्ग पूरी तरह जलमग्न हो गए। कई वाहन पानी में बंद हो गए, जिन्हें लोग धक्का देते हुए निकालते देखे गए। सुभाष उद्यान मार्ग पर पानी भरने के बाद पुलिस ने रास्ता बंद कर दिया ताकि कोई हादसा न हो।
वैशाली नगर की सागर विहार कॉलोनी सहित अन्य क्षेत्रों में घरों के अंदर तक पानी भर गया है। कॉलोनीवासियों ने बताया कि बारिश के हर मौसम में ऐसी स्थिति बनती है लेकिन कोई स्थायी समाधान अब तक नहीं किया गया। कई लोगों ने मजबूर होकर अपने घरों पर ताले लगाकर सुरक्षित स्थानों की ओर रुख किया है। स्थानीय लोगों ने कहा कि न तो दूध, न सब्जी, न ही अन्य जरूरी सामान उनके पास पहुंच पा रहा है। पानी कमर तक भर चुका है, गाड़ियां बंद हो चुकी हैं और बच्चे व बुजुर्ग सबसे ज्यादा परेशान हो रहे हैं।
सिविल डिफेंस की टीम ने सागर विहार कॉलोनी में फंसे लोगों को नाव के सहारे सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। प्रशासन ने कई इलाकों में नाव, रस्सी और बचाव उपकरणों की मदद से लोगों को निकाला। स्थानीय प्रशासन ने बताया कि राहत शिविर भी तैयार किए जा रहे हैं, जहां प्रभावित लोगों को अस्थायी रूप से रखा जा सकेगा।