मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भोपाल के भारत भवन में चिकित्सा शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित हिंदी की व्यापकता एक विमर्श कार्यक्रम को संबोधित किया। कार्यक्रम में सीएम ने कहा कि मुझे लगा कि हिंदी में मेडिकल पाठ्यक्रम के शुभारंभ के पूर्व हिंदी के बारे में व्यापक विमर्श करना चाहिए। मुझे प्रसन्नता है कि इस विमर्श में आज पूरा भोपाल बैठा है। समाज का हर वर्ग बैठा है। हमारे चिकित्सक मित्र, अस्पताल और मेडिकल कॉलेज संचालक भी बैठे हैं। उन्होंने कहा कि हम व्यवहारिक नहीं होेंगे तो फेल हो जाएंगे। जो शब्द चलन में हैं उन्हें उसी प्रकार चलने दो। अगर हम हर एक शब्द का हिंदी में अनुवाद कहीं से ढूंढकर लाएंगे तो लोग समझ ही नहीं पाएंगे। इसलिए चालू शब्द को चलने देना है।
MP News: CM शिवराज बोले- दवाइयों के नाम हिंदी में क्यों नहीं लिखे जा सकते? ऊपर श्रीहरि लिखें, नीचे दवा का नाम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: आनंद पवार
Updated Sat, 15 Oct 2022 06:36 PM IST
सार
सीएम शिवराज ने बाजारो में अंग्रेजी की जगह हिंदी में बोर्ड लगाने के निर्देश दिए है। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा दवाई के नाम हिंदी में क्यों नहीं लिखे जा सकते। उन्होंने कहा कि दवाई का नाम क्रोसिन लिखा है तो क्रोसिन हिंदी में भी लिखा जा सकता है। उसमें क्या दिक्कत है? ऊपर श्री हरि लिखा और नीचे क्रोसिन लिखा दो। उन्होंने कहा कि यहां डॉक्टर मित्र बैठे हैं वो तरीके निकालेंगे।
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