शहर में दो दिन से हड़कंप मचा हुआ था। हाई सिक्योरिटी जोन बैंक नोट प्रेस में तेंदुए की आहट हुई थी। जैसे ही इसकी सूचना मिली तो वन विभाग हरकत में आया। तेंदुए को पकड़ने के लिए पिंजरा रखा जिसमें बकरा बांधा गया। रात में जैसे ही तेंदुआ शिकार के लिए आया तो उसे कैद कर लिया और खिवनी अभयारण्य में जाकर छोड़ दिया।
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वन विभाग ने इस तरह लगाया था प्रवेश निषेध का बोर्ड
- फोटो : सोशल मीडिया
जानकारी के मुताबिक सोमवार रात को सीआईएसएफ के दल ने गश्त के दौरान बीएनपी के वाटरवर्क्स क्षेत्र में तेंदुए को देखा था। जब लोगों तक जानकारी पहुंची तो हड़कंप मच गया। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और लोगों को सतर्क रहने की सीख दी। साथ ही बीएनपी प्रबंधन ने कॉलोनी में अनाउंसमेंट भी करवाया था। मंगलवार को वन विभाग की टीम को तेंदुए के पगमार्क मिले थे। तेंदुआ होने की पुष्टि होने के बाद वन विभाग ने यहां ट्रैप कैमरे लगाए व बकरा बांधकर पिंजरा रखवाया था। शिकार के चक्कर में बीती रात तेंदुआ पिंजरे में कैद हो गया। वन विभाग के अधिकारियों ने बताया तेंदुआ पिंजरे में कैद हो गया है। उसे टीम की मदद से खिवनी अभयारण्य पहुंचाकर छोड़ दिया गया है। इस नर तेंदुए की उम्र करीब 4-5 साल वन विभाग के अधिकारियों द्वारा बताई जा रही है। उल्लेखनीय है कि पिछले दिनों माता टेकरी पर लकड़बग्घा नजर आया था। कई दिनों सर्चिंग व रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद उसे भी पिंजरे में कैद करके जंगल में छोड़ा गया था। वहीं शहर के बाहर पालनगर क्षेत्र व हाटपीपल्या के मानकुंड, पीपलरावां आदि क्षेत्रों में भी तेंदुए खेतों व गांव के आसपास नजर आए थे।