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योगी सरकार को 18 हजार करोड़ रुपये कम अनुदान देगी केंद्र सरकार, जानें- किस मद में मिलता है धन

Tue, 23 Feb 2021 03:53 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: ishwar ashish Updated Tue, 23 Feb 2021 03:53 PM IST
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Yogi government will get 18 thousand crore less money from central.
सोमवार को प्रदेश की योगी सरकार ने बजट पेश किया। - फोटो : amar ujala

कोरोना महामारी का असर हर स्तर पर नजर आ रहा है। आगामी वित्त वर्ष में केंद्र सरकार से राज्य को मिलने वाले सहायता अनुदान में भी करीब 18 हजार करोड़ रुपये से अधिक की कमी होने जा रही है। प्रदेश सरकार ने इस कमी को पूरा करने के लिए चालू वित्त वर्ष के  मुकाबले अपने कर राजस्व में 20 हजार करोड़ की वृद्धि का बड़ा लक्ष्य तय कर दिया है।



प्रदेश सरकार ने वित्त वर्ष 2020-21 में केंद्र सरकार से केंद्रीय करों में राज्यांश, सहायता अनुदान व कर्ज के रूप में 2,27,167.90 करोड़ रुपये प्राप्त होने की उम्मीद जताई थी। लेकिन, कोविड महामारी में अर्थव्यवस्था पर पड़े असर की वजह से यह 1,72,922.80 करोड़ रुपये तक सिमटने की नौबत आ गई है। चालू वित्त वर्ष में यह 54245.10 करोड़ रुपये कम है। यही नहीं वित्त वर्ष 2021-22 में भी ऐसे ही हाल रहने की आशंका है। केंद्र से इन मदों में 2,08,673.77 करोड़ रुपये मिलने का अनुमान है। यह चालू वित्त वर्ष के बजट प्रस्ताव की अपेक्षा 18,494.13 करोड़ रुपये कम है।

Yogi government will get 18 thousand crore less money from central.
- फोटो : amar ujala

इस परिस्थिति में राज्य सरकार ने केंद्रीय सहायता व अनुदान में कमी का असर कम करने के लिए अपने कर राजस्व में बड़ी वृद्धि का लक्ष्य तय कर दिया है। 2020-21 में कर आय 1,66,021.10 करोड़ होने का अनुमान लगाया गया था। हालांकि कोविड की वजह से राज्य के कर राजस्व की आय घटकर 1,24,866.94 करोड़ ही रहने का अनुमान है। कर राजस्व में 41154 करोड़ रुपये की कमी के बावजूद सरकार ने 2021-22 में अपना कर राजस्व 1,86,345 करोड़ पहुंचाने का लक्ष्य रखा है।

Yogi government will get 18 thousand crore less money from central.
- फोटो : amar ujala

करेत्तर राजस्व में कमाई का अनुमान घटाया
इसी तरह वित्त वर्ष 2020-21 में करेत्तर राजस्व के रूप में 31,178.93 करोड़ जुटाने का लक्ष्य था। इसके कोरोना की वजह से घटकर 10811.92 करोड़ पर आने की आशंका जताई गई है। इस तरह करीब 20367 करोड़ रुपये की कमी के बाद भी 25421 करोड़ जुटाने का लक्ष्य तय किया गया है। यह चालू वित्त वर्ष के बजट अनुमान की अपेक्षा 5757.93 करोड़ रुपये कम है।

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Yogi government will get 18 thousand crore less money from central.
- फोटो : amar ujala

2021-22 में इस तरह से केंद्रीय सहायता मिलने की उम्मीद
मद-- वित्त वर्ष 2020-21-- वित्त वर्ष 2021-22
केंद्रीय करों में राज्य का अंश-- 152863.17-- 119395.30    
केंद्र सरकार से सहायता अनुदान-- 72504.73-- 87178.47
केंद्र सरकार से कर्ज व एडवांस-- 1800.00-- 2100.00

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Yogi government will get 18 thousand crore less money from central.
- फोटो : amar ujala

राज्य कर में मदवार आय का लक्ष्य
मद -- 2020-21-- 2021-22
राज्य वस्तु एवं सेवा कर--  63281-- 73285
भू-राजस्व--  856-- 860
स्टांप व पंजीयन फीस-- 23197  -- 25500
राज्य उत्पाद शुल्क--  37,500  -- 41500
बिक्री व्यापार कर    -- 28,287 -- 31100
वाहन कर -- 8650  -- 9350
विद्युत कर व शुल्क -- 4250-- 4750
योग--  1,66,021-- 1,86,345 (धनराशि करोड़ रु. में)

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